मानसून के साथ अन्य मजबूत मौसम प्रणालियों के सक्रिय रहने के चलते इंदौर-उज्जैन संभाग में अगले 48 घंटों के लिए भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। शुक्रवार को 12 जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज व येलो अलर्ट जारी किया गया है। यहां अगले 24 घंटे के दौरान 4 इंच या उससे अधिक बारिश हो सकती है। इस दौरान हवा की गति 40 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती है।
इसके अलावा इंदौर, भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर समेत प्रदेश के अन्य शहरों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के मुताबिक, वर्तमान में अवदाब क्षेत्र विदर्भ से पश्चिम-उत्तर पश्चिम की ओर बढ़ते हुए गुजरात की ओर जा रहा है जिसके असर से 31 जुलाई और 1 अगस्त को कहीं-कहीं भारी से अति भारी बारिश होने की संभावना है। वहीं अन्य जिलों में हल्की बारिश और रिमझिम का दौर 3-4 अगस्त तक जारी रहेगा।
शुक्रवार को कहां-कहां होगी बारिश
- अलीराजपुर, झाबुआ, धार और रतलाम जिलों में कहीं-कहीं अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
- उज्जैन, छिंदवाड़ा, बुरहानपुर, खरगोन, बड़वानी, देवास, आगर और मंदसौर जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश का येलो अलर्ट है।
- भोपाल, इंदौर, शाजापुर, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, अनुपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर, पांढुर्णा, विदिशा, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, खंडवा, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना और श्योपुरकलां जिलों में कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ 40 किलोमीटर प्रति घंट की रफ्तार से हवाएं चलेंगी।
मध्य प्रदेश में अब भी सामान्य से 15% कम बारिश
- 1 जून से 30 जुलाई 2026 के बीच मध्य प्रदेश में अब तक औसत से करीब 2.5 इंच यानी 15 प्रतिशत कम बारिश रिकॉर्ड की गई है। इस अवधि में औसतन 14.7 इंच (373.3 मिमी) बारिश हो चुकी है, जबकि सामान्य बारिश 17.2 इंच (438.3 मिमी) मानी जाती है।
- पूर्वी मध्य प्रदेश में औसत से 15% से कम और पश्चिमी मध्य प्रदेश में औसत से 15% से कम पानी गिरा है। ग्वालियर-जबलपुर समेत प्रदेश के 47 जिलों में अब तक सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है।
- सिर्फ भोपाल, भिंड, बुरहानपुर, देवास, इंदौर, मंदसौर, राजगढ़ और सीहोर ऐसे जिले हैं, जहां सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है। देवास में सबसे ज्यादा करीब 29 इंच और आलीराजपुर में सबसे कम 4 इंच ही बरसात हुई है।









