यात्रियों की सुरक्षा, रेलवे परिसरों में सुव्यवस्था बनाए रखने तथा अवैध वेंडिंग पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से पश्चिम मध्य रेल, भोपाल मंडल के रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) द्वारा इटारसी स्टेशन एवं आसपास के क्षेत्रों में लगातार सघन अभियान संचालित किया जा रहा है।

आदतन अपराधियों तथा संदिग्ध गतिविधियों पर सतत निगरानी
आरपीएफ इटारसी द्वारा सीसीटीवी कैमरे, स्टैंड-अलोन सर्विलांस कैमरे, बॉडी वॉर्न कैमरे (BWC) तथा ड्रोन सर्विलांस का व्यापक उपयोग किया जा रहा है। इन माध्यमों से रेलवे स्टेशन, प्लेटफॉर्म, सर्कुलेटिंग एरिया, कोचिंग यार्ड एवं संवेदनशील बाहरी क्षेत्रों की चौबीसों घंटे निगरानी की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज का नियमित विश्लेषण कर आदतन अपराधियों तथा संदिग्ध गतिविधियों पर सतत निगरानी रखी जा रही है।

अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण
रेलवे ट्रैक से लगे नाला मोहल्ला, गरीबी लाइन, बंगालिया नाला, हनुमान मंदिर कॉलोनी एवं एफसीआई गोदाम क्षेत्र का ड्रोन के माध्यम से नियमित सर्वेक्षण एवं मैपिंग की जा रही है। इससे अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने में सहायता मिल रही है। वहीं, पारदर्शिता सुनिश्चित करने तथा ड्यूटी के दौरान आरपीएफ कर्मियों को निराधार शिकायतों एवं झूठे आरोपों से संरक्षण प्रदान करने के उद्देश्य से संवेदनशील स्थानों पर तैनात कर्मचारियों को बॉडी वॉर्न कैमरे उपलब्ध कराए गए हैं।

अवैध वेंडिंग के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई
आरपीएफ इटारसी द्वारा वर्ष 2025 के दौरान 5,412 अवैध वेंडरों के विरुद्ध कार्रवाई की गई। वहीं, वर्ष 2026 में 15 जुलाई 2026 तक 2,909 अवैध वेंडरों के विरुद्ध कार्रवाई की जा चुकी है। इस अवधि में 20 जून से 15 जुलाई 2026 के मध्य जन विश्वास अधिनियम के अंतर्गत 401 मामलों का निस्तारण भी किया गया।
संयुक्त विशेष अभियान में उल्लेखनीय सफलता
07 जुलाई से 13 जुलाई 2026 तक आरपीएफ एवं जीआरपी द्वारा संयुक्त विशेष अभियान संचालित किया गया। इस अभियान की निगरानी सहायक सुरक्षा आयुक्त एम.के. मुखर्जी तथा उप पुलिस अधीक्षक (रेल) एम.एस. कुल्हारा द्वारा स्वयं इटारसी में कैंप कर की गई।
अवैध वेंडरों के विरुद्ध कार्रवाई
अभियान के दौरान रेलवे अधिनियम की धारा 144 के अंतर्गत 148 अवैध वेंडरों के विरुद्ध कार्रवाई की गई। रेलवे अधिनियम की धारा 147 के अंतर्गत 59 अनियमित यात्रियों के विरुद्ध कार्रवाई की गई। इसके अतिरिक्त आरपीएफ एवं वाणिज्य विभाग द्वारा अधिकृत स्टॉल संचालकों के माध्यम से की जा रही अनुबंध उल्लंघन संबंधी गतिविधियों तथा अवैध वेंडिंग के विरुद्ध भी नियमित संयुक्त अभियान चलाए जा रहे हैं। इन अभियानों के अंतर्गत रेलवे अधिनियम की धारा 144 में 408 मामलों में कार्रवाई की गई, जिनमें 46 मामलों का निस्तारण जन विश्वास अधिनियम के अंतर्गत किया गया।

यात्रियों के सुरक्षा के तगड़े इंतजाम
तकनीकी निगरानी के माध्यम से अब तक 177 मामलों का सफलतापूर्वक पता लगाया जा चुका है, जिनमें सीसीटीवी, स्टैंड-अलोन कैमरों एवं ड्रोन की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। आरपीएफ भोपाल मंडल यात्रियों की सुरक्षा, रेलवे परिसरों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए भविष्य में भी आधुनिक तकनीकों के अधिकाधिक उपयोग, निगरानी संसाधनों के विस्तार एवं कर्मचारियों के नियमित तकनीकी प्रशिक्षण के माध्यम से सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।





