ग्वालियर।अतुल सक्सेना।
कोरोना संक्रमण(Corona infection) के दौर में जहाँ देश संकट काल से गुजर रहा है और लोग एक दूसरे की मदद के लिए आगे आ रहे हैं ऐसे में राजनैतिक दल राजनीति करने से नहीं चूक रहे । ताजा मामला सिंधिया(scindia) के संसदीय क्षेत्र का है जहाँ बांटी जा रही राहत सामग्री पर कांग्रेस (congress) ने सवाल उठाये हैं। कांग्रेस ने सिंधिया पर आरोप लगाए हैं कि रिलायंस (reliance) की सामग्री को अपना बताकर सिंधिया बांट रहे हैं।
दरअसल, पूर्व मंत्री और सिंधिया समर्थक(scindia suppoters) नेता एवं बमौरी विधानसभा के पूर्व विधायक महेंद्र सिंह सिसोदिया (Former MLA Mahendra Singh Sisodia) ने पिछले दिनों एक ट्वीट किया जिसमें उन्होंने जानकारी दी कि सिंधिया फाउंडेशन द्वारा गुना एवं बमौरी के जरूरतमंद नागरिकों के लिए 2000 राशन के पैकेट उपलब्ध करवाये गये जो मेरे द्वारा जिला प्रशासन को वितरण हेतु सौंपे गए। इस अवसर पर भाजपा के वरिष्ठ नेतागण भी उपस्थित थे। “नर सेवा, नारायण सेवा” को चरितार्थ करते जे एम सिंधिया को कोटि कोटि धन्यवाद।
सिसोदिया के इस ट्वीट के बाद योगेंद्र सिंह चौहान के फेसबुक एकाउंट पर एक वीडियो पोस्ट किया गया जिसपर लिखा गया कि रिलायंस की राहत सामग्री में धांधली। सिंधिया जी अपना फोटो चिपकाकर ले रहे श्रेय, रिलायंस रिलीफ फंड द्वारा गुना जिले में बांटी गई राहत सामग्री की पैकिंग पर सिंधिया जी अपना फोटो चिपकाकर नकली दानवीर बन रहे हैं। आखिर इन्हें क्या हो गया है? बीजेपी का इतना असर, इतनी जल्दी कैसे आ गया। पोस्ट के साथ जो वीडियो है उसमें एक व्यक्ति है जो ये बता रहे हैं कि ये राहत सामग्री रिलायंस रिलीफ फंड की है जो तीन पहले नगर पालिका में रखी गई जहाँ सिंधिया जी ने अपने प्रभाव का इस्तेमाल करते हुए पैकिटों पर लगी रिलायंस की स्लिप हटाकर अपनी और पीएम मोदी की फोटो लगवाई है जिससे ये लगे कि ये राहत सामग्री सिंधिया और पीएम की तरफ से गई।
योगेंद्र चौहान की पोस्ट पर पीयूष सिंघई नामक व्यक्ति ने लिखा कि ये वीडियो मुंगावली नगर पालिका का है और ये प्रद्युम्न सिंह दांगी दद्दा हैं । हालांकि एमपी ब्रेकिंग न्यूज़ इस वीडियो और इसमें लगाए गए आरोपों की पुष्टि नहीं करता । बहरहाल इस वीडियो के बाद कांग्रेस ने राजनीति तेज कर दी।
वीडियो के बाद कांग्रेस के प्रदेश मीडिया समन्वयक नरेंद्र सलूजा ने ट्वीट करते हुए लिखा ” कितना शर्मनाक है जिस राशन को सिंधिया फाउंडेशन का बताकर गुना ग्वालियर क्षेत्र में बांटा जा रहा है उसकी वास्तविकता या है कि वह रिलायंस फाउंडेशन का है। रिलायंस फाउंडेशन का स्टिकर हटाकर खुद का फोटो लगाया जा रहा है । ये है जन सेवकों की हकीकत। बहरहाल कांग्रेस ने मौके की नजाकत को देखते हुए मामले को तूल दे दिया है लेकिन अभी ना तो सिसोदिया और ना ही सिंधिया की तरफ से कोई प्रतिक्रिया सामने आई है।







