केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार (23 मार्च, 2026) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और उनकी कार्यशैली की प्रशंसा करते हुए उन्हें एक असाधारण व्यक्तित्व बताया। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी सिर्फ एक व्यक्ति नहीं, बल्कि एक विचार हैं, जो परिश्रम की पराकाष्ठा का प्रतीक हैं। चौहान ने पीएम मोदी के साथ अपने तीन दशकों से भी ज्यादा के जुड़ाव को याद करते हुए कई महत्वपूर्ण घटनाओं का जिक्र किया।
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए शिवराज सिंह चौहान ने कहा, ‘आज मैं बड़ी दुविधा में हूं, प्रधानमंत्री जी ने सरकारों के मुखिया रहते हुए कल रविवार (22 मार्च, 2026) को अपने 8,931 दिन पूरे किए और मैं इतने लंबे समय की चर्चा 20-25 मिनट में कैसे करूं।’ उन्होंने कहा कि मोदी जी के लिए राष्ट्रहित हमेशा सबसे ऊपर रहा है।
जब मां के निधन पर भी नहीं रुके थे पीएम मोदी
शिवराज सिंह चौहान ने एक भावुक क्षण को याद करते हुए बताया कि कैसे प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी मां के निधन के दिन भी निजी दुख को देश के काम पर हावी नहीं होने दिया।
“मुझे वो दिन याद आ गया, जिस दिन प्रधानमंत्री जी की माता जी का स्वर्गवास हुआ था। मैं तमिलनाडु में था और हमने सोचा गुजरात चलना चाहिए, लेकिन फिर मुझे पता चला कि मां के अंतिम संस्कार के बाद प्रधानमंत्री पूर्व निर्धारित कार्यक्रम में शामिल हो रहे थे, ताकि खुद का दर्द देश के काम पर भारी न पड़ जाए।” — शिवराज सिंह चौहान, केंद्रीय कृषि मंत्री
उन्होंने आगे कहा, ‘मैं मोदी जी को पिछले 35 सालों से जानता हूं। मैंने उनके साथ संगठन के कार्यकर्ता के रूप में, फिर मुख्यमंत्री के तौर पर और अब प्रधानमंत्री और केंद्रीय मंत्री के रूप में काम कर रहा हूं। उनके लिए राष्ट्र प्रथम सर्वोपरि है।’
गुजरात मॉडल से लेकर मोदी युग तक
चौहान ने पीएम मोदी के गुजरात के मुख्यमंत्री काल को याद करते हुए कहा कि भुज और कच्छ में आए विनाशकारी भूकंप के बाद उन्होंने जिस तरह पुनर्निर्माण किया, उसकी केस स्टडी दुनिया के कई देशों ने की। उन्होंने कहा, ‘गुजरात को मैन्युफैक्चरिंग का हब बना दिया। उस समय केंद्र में दूसरी सरकार थी और निवेशकों को गुजरात न जाने के लिए कहा जाता था, लेकिन इसके बावजूद निवेशक वहां गए और गुजरात टूरिज्म का भी हब बना।’
उन्होंने 2014 से पहले के दौर को याद करते हुए कहा कि जब देश में भ्रष्टाचार और निराशा का माहौल था, तब मोदी जी आशा और विश्वास का प्रतीक बनकर उभरे। 2014 के बाद गठबंधन की राजनीति का दौर खत्म हुआ और मोदी युग की शुरुआत हुई।
आतंकवाद पर प्रहार से लेकर सामाजिक सुधार तक
केंद्रीय मंत्री ने मोदी सरकार की उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए कहा, ‘आज हमारी कृषि ने अन्न के भंडार भर दिए हैं। मोदी जी ने महिलाओं के सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक सशक्तिकरण का काम किया है।’ उन्होंने आतंकवाद पर सर्जिकल स्ट्राइक और एयर स्ट्राइक जैसे कड़े प्रहारों का उल्लेख किया और कहा कि नक्सलवाद अब अपनी अंतिम सांसें गिन रहा है।
चौहान ने कहा, ‘धारा 370 की समाप्ति भी हुई और राम मंदिर भी बना। मोदी जी केवल राजनेता नहीं, बल्कि एक सोशल रिफॉर्मर हैं। उन्होंने स्वच्छता को एक आंदोलन बना दिया।’ इस दौरान उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि जिनका राजनीतिक भविष्य अंधकार में है, वे मोदी जी की प्रशंसा कैसे कर सकते हैं, लेकिन देश की जनता सब जानती है।






