स्वतंत्रता दिवस से एक दिन पहले 14 अगस्त को मध्यप्रदेश में देशभक्ति और स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल स्थित शौर्य स्मारक में ‘प्रवासी सेनानी वीथी’ का लोकार्पण एवं अवलोकन किया। यह प्रदर्शनी स्वतंत्रता संग्राम में प्रवासी भारतीयों के योगदान, त्याग और बलिदान की गाथा को समर्पित है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने भारत माता की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर नमन किया।
‘प्रवासी सेनानी वीथी’ के माध्यम से स्वतंत्रता आंदोलन में देश से बाहर रहकर भारत की आजादी के लिए संघर्ष करने वाले प्रवासी भारतीयों की भूमिका और उनके योगदान को सामने लाने का प्रयास किया गया है। केंद्र सरकार के संस्कृति मंत्रालय ने भी स्वतंत्रता संग्राम के नायकों और कम चर्चित सेनानियों के योगदान को दस्तावेजों के जरिए संरक्षित किया है।
तिरंगा यात्रा में शामिल हुए मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शौर्य स्मारक से जुड़े कार्यक्रम के बाद ‘हर घर तिरंगा अभियान’ के तहत आयोजित तिरंगा यात्रा में भी सहभागिता की। उन्होंने लोगों से राष्ट्रभक्ति के इस अभियान को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग तिरंगा लेकर यात्रा में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश की एकता, अखंडता और सुरक्षा को मजबूत करने के लिए प्रत्येक नागरिक की भागीदारी जरूरी है।
‘विभाजन की विभीषिका इतिहास की सबसे बड़ी त्रासदी’
14 अगस्त को मनाए जाने वाले विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस को लेकर मुख्यमंत्री ने 1947 के विभाजन की त्रासदी को याद किया। उन्होंने कहा कि विभाजन का वह दौर आज भी पीड़ा और भय की याद दिलाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह दौर सोचकर आज भी रोंगटे खड़े होते हैं। उन्होंने कहा कि विभाजन टाला भी जा सकता था और यह इतिहास की सबसे बड़ी त्रासदियों में से एक बन गया। मुख्यमंत्री ने विभाजन के दौरान विस्थापित हुए लोगों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि देश को ऐसा दौर दोबारा नहीं देखना पड़े, इसकी कामना करनी चाहिए।
‘भारत सबल और सक्षम बने’
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने पत्रकारों के संबोधित करते हुए कहा कि देश की सुरक्षा और अखंडता को मजबूत करना आज भी प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि भारत अपने सामर्थ्य के आधार पर दुनिया में प्रभाव बढ़ाए और भारतीय संस्कृति की धारा को विश्व के विभिन्न देशों तक पहुंचाए। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के योगदान को याद करते हुए कहा कि आजादी सिर्फ एक राजनीतिक उपलब्धि नहीं, बल्कि लाखों लोगों के त्याग और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने स्वतंत्रता आंदोलन में शहीद हुए सेनानियों को नमन करते हुए कहा कि भारत सबल सक्षम बने, यही हमारा प्रयास है।
बड़वानी जाएंगे मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने बताया कि मध्यप्रदेश में शुक्रवार को ‘नो मीटिंग्स डे’ घोषित किया गया है। इस दिन मंत्रालय स्तर की बैठकों के बजाय वे सीधे जनता के बीच पहुंचने की बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि वे बड़वानी के आदिवासी अंचल में जाएंगे और वहां जनविश्वास अभियान के तहत लोगों से संवाद करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर तिरंगा यात्राएं आयोजित हो रही हैं और इसी बीच सरकार सुशासन के लक्ष्य को लेकर जनता के बीच पहुंच रही है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के अपमान के आरोपों और कांग्रेस के सत्याग्रह को लेकर पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस पर राजनीतिक हमला बोला। उन्होंने कहा, “कांग्रेस सत्य नहीं जानती तो सत्याग्रह क्या जानेगी।”






