तिरंगा जब हाथ में आता है तो देश के लिए सम्मान और गर्व की भावना अपने आप बढ़ जाती है। नीमच जिले के जावद विधानसभा क्षेत्र में निकली तिरंगा पदयात्रा के दौरान ऐसा ही भावुक नजारा देखने को मिला।
झांतला से सिंगोली तक निकली इस यात्रा में दिव्यांग पटवारी बालकिशन धाकड़ ने पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया। उन्होंने दोनों हाथों से तिरंगा थामकर उसे हवा में लहराया तो आसपास मौजूद लोगों में देशभक्ति का जोश और बढ़ गया। यात्रा में शामिल लोगों ने भारत माता की जय के नारे लगाए और बालकिशन के हौसले की सराहना की।
झांतला से सिंगोली तक तिरंगे के साथ चले दिव्यांग पटवारी
स्वतंत्रता दिवस के मौके पर देशभर में तिरंगा अभियान के तहत अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में नीमच के जावद क्षेत्र में भी तिरंगा पदयात्रा निकाली गई। झांतला से शुरू हुई यह यात्रा सिंगोली तक पहुंची। यात्रा के दौरान सड़क पर तिरंगा लिए लोगों की कतार दिखाई दी और जगह-जगह देशभक्ति के नारे गूंजते रहे।
इसी भीड़ में पटवारी बालकिशन धाकड़ भी मौजूद थे। शारीरिक अक्षमता के बावजूद उन्होंने यात्रा में पीछे रहने के बजाय पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया। झांतला से लेकर सिंगोली तक वे यात्रा के साथ चलते रहे। जैसे-जैसे यात्रा आगे बढ़ी, लोगों का उत्साह भी बढ़ता गया।

सिंगोली नगर की सीमा में पहुंचने के दौरान बालकिशन धाकड़ ने दोनों हाथों से तिरंगे को ऊपर उठाया और उसे सम्मान के साथ लहराया। यह दृश्य वहां मौजूद लोगों के लिए खास बन गया। उनके आसपास मौजूद लोगों ने भी उनका उत्साह बढ़ाया। इस दौरान विधायक और प्रशासनिक अधिकारियों ने भी उनके जज्बे की सराहना की।
विधायक और प्रशासनिक अधिकारियों ने भी बढ़ाया हौसला
झांतला से सिंगोली तक निकली इस तिरंगा पदयात्रा में क्षेत्रीय विधायक और पूर्व मंत्री ओमप्रकाश सकलेचा सहित प्रशासनिक अधिकारी भी शामिल हुए। यात्रा में एसडीएम संजीव कुमार साहू, तहसीलदार ऋषि कुमार ठाकुर, एसडीओपी हर्ष राठौड़ और जनपद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी शैलेन्द्र कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की मौजूदगी ने यात्रा को और बड़ा रूप दिया। प्रशासनिक अमले की सक्रियता से यात्रा के दौरान व्यवस्था और सुरक्षा पर भी ध्यान दिया गया। ग्रामीण क्षेत्रों से गुजरने के दौरान लोगों ने यात्रा का स्वागत किया और कई जगह फूल बरसाए।






