चक्रवात, पश्चिमी विक्षोभ और ट्रफ के चलते अगले तीन-चार दिनों तक प्रदेश में बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। बुधवार को 41 जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट जारी किया गया है। साथ ही गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से धूल भरी आंधी चलने की प्रबल संभावना है। नरसिंहपुर में हीटवेव की चेतावनी दी गई है।
मंगलवार को बालाघाट और रायसेन जमकर बारिश हुई। इसके अलावा धार, इंदौर, नर्मदापुरम, खरगोन, राजगढ़, छिंदवाड़ा, जबलपुर, सागर, सिवनी, टीकमगढ़ और बड़वानी में भी बारिश दर्ज की गई। दतिया और सीधी में पारा 41.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। भोपाल में 32.2 डिग्री, इंदौर में 33.9 डिग्री, उज्जैन में 34.8 डिग्री और जबलपुर में 35.4 डिग्री सेल्सियस रहा।
मौसम केंद्र भोपाल की दैनिक रिपोर्ट के मुताबिक, अगले 2-3 दिनों के दौरान दक्षिण-पश्चिम मानसून के उत्तर अरब सागर एवं गुजरात, महाराष्ट्र एवं छत्तीसगढ़ के कुछ और भागों तथा मध्य प्रदेश के कुछ भागों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियाँ अनुकूल हैं, ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि 26-27 जून के आसपास बालाघाट, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा के रास्ते मानसून मध्य प्रदेश में प्रवेश कर सकता है। आमतौर पर दक्षिण पश्चिम मानसून 15 जून के आसपास प्रदेश में प्रवेश करता है।
बुधवार को इन जिलों में अलर्ट
- भोपाल, रायसेन, सीहोर, विदिशा, राजगढ़, इंदौर, धार, झाबुआ, अलीराजपुर, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, देवास, शाजापुर, नर्मदापुरम, हरदा, बैतूल, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, बालाघाट, सिवनी, मंडला, डिंडौरी, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी और मैहर में बारिश और आंधी का अलर्ट जारी किया है।
- ग्वालियर, भिंड, मुरैना, दतिया, अशोकनगर, श्योपुर, शिवपुरी, नीमच, मंदसौर, रतलाम, उज्जैन और आगर-मालवा में गर्मी का असर बना रहेगा।
अबतक प्रदेश में 37.1 मिमी बारिश
- 1 से 23 जून के बीच मध्य प्रदेश में सामान्य से करीब 53 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज की गई है। प्रदेश के 55 में से 48 जिले सामान्य से कम बारिश की श्रेणी में हैं।
- 1 जून से अब तक औसतन 78.5 मिमी बारिश दर्ज होनी चाहिए थी, वहीं केवल 37.1 मिमी वर्षा हुई है। भोपाल में करीब 4.6 इंच पानी गिर चुका है। जबलपुर,
- रीवा, सागर और शहडोल संभाग में औसतन 72 प्रतिशत कम बारिश हुई है।
- भोपाल, इंदौर, उज्जैन, नर्मदापुरम और ग्वालियर-चंबल संभाग में औसतन 35 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।







