मध्यप्रदेश में नाकों पर अवैध वसूली को लेकर राजनीतिक माहौल एक बार फिर गरमा गया है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार  ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया है कि प्रदेश में अवैध वसूली बंद होने के सरकारी दावे जमीनी हकीकत से बिल्कुल उलट हैं।

उन्होंने कहा कि भोपाल नागपुर हाईवे पर स्थित ससुन्द्रा बैरियर पर “बंद” घोषित की जा चुकी जांच चौकी के नाम पर आज भी खुलेआम वसूली जारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि ट्रक चालकों और अन्य भारी वाहनों से 300 से 500 तक की राशि वसूली जा रही है, जबकि इस तरह की जांच चौकियों को सरकार पहले ही समाप्त कर चुकी है। उन्होंने पूरे मामले की जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।

उमंग सिंघार ने लगाया अवैध वसूली का आरोप 

भोपाल-नागपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर बैतूल जिले के मुलताई के पास स्थित ससुन्द्रा बैरियर पर एक बार फिर अवैध वसूली का आरोप सामने आया है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि प्रदेश में जांच चौकियां बंद होने के बावजूद यहां ट्रक चालकों से खुलेआम पैसे वसूले जा रहे हैं। उन्होंने सवाल किया कि “लाखों की यह रकम आखिर किसके खाते में जा रही है? क्या पूरा सिस्टम ही इस अवैध कमाई की “मलाई” खा रहा है?”

मिलीभगत की आशंका 

नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाते हुए कहा कि इस अवैध वसूली के लिए सरकारी कर्मचारियों के बजाय निजी व्यक्तियों को तैनात किया गया है, जो बैरिकेड्स लगाकर वाहनों को रोकते हैं। वाहन चालकों के पास सभी वैध दस्तावेज होने के बावजूद उन्हें आगे बढ़ने से रोका जाता है और बिना किसी रसीद के पैसे लिए जाते हैं। इससे न सिर्फ ट्रांसपोर्टरों को आर्थिक नुकसान हो रहा है, बल्कि परिवहन व्यवस्था पर भी असर पड़ रहा है। उमंग सिंघार ने कहा कि इस बैरियर से हर महीने लाखों रुपये की अवैध कमाई की जा रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब प्रदेशभर में चेक पोस्ट बंद कर दिए गए हैं तो यह वसूली आखिर किसके संरक्षण में चल रही है। उन्होंने यह भी आशंका जताई कि कहीं न कहीं इस पूरे मामले में सिस्टम के अंदर की मिलीभगत हो सकती है।

जांच की मांग 

उमंग सिंघार ने कहा कि उन्होंने इस मुद्दे को विधानसभा में भी उठाया था लेकिन सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। उनका आरोप है कि शिकायतों के बावजूद कार्रवाई न होना यह दर्शाता है कि प्रशासन इस मामले को लेकर गंभीर नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि यह समस्या सिर्फ एक स्थान तक सीमित नहीं है, बल्कि मध्यप्रदेश के विभिन्न हिस्सों से इसी तरह की अवैध वसूली की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। ट्रक ड्राइवरों और परिवहन व्यवसाय से जुड़े लोगों को इस कारण रोजाना परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से सीधे सवाल करते हुए कहा कि “क्या यही सुशासन है?” इसी के साथ उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।