प्राइवेट सेक्टर की आईडीएफसी फर्स्ट बैंक में लोन से संबंधित जुर्माना शुल्क (Loan New Rules) में बदलाव किया है। एजुकेशन लोन के लिए मोरेटोरियम अवधि के दौरान पेनल्टी ओवरड्यू ईएमआई अमाउन्ट पर निर्भर करेगी। वहीं गोल्ड मैच्योरिटी मैच्योरिटी से पहले भी शुल्क ओवरड्यू ईएमआई अमाउन्ट पर निर्भर करेगा। ग्राहकों को राहत देते हुए बैंक पर्सनल समेत कई प्रकार के ऋणों के लिए पेनल्टी चार्ज में कटौती की है।
नए नियम 1 जुलाई से लागू होने वाले हैं। इस बात की जानकारी बैंक ने अपने आधिकारिक वेबसाइट पर नोटिस के जरिए दी है। एजुकेशन लोन के लिए मोरेटोरियम अवधि के दौरान 1000 रुपये से कम के ओवरड्यू अमाउन्ट के लिए शुल्क 100 रुपये होगा। वहीं 60 हजार रुपये से अधिक ओवरड्यू ईएमआई अमाउन्ट पर 2500 रुपये शुल्क लगेगा। वहीं मोरेटोरियम अवधि के बाद शुल्क अन्य लोन के समान ही होगा।
गोल्ड लोन के लिए शुल्क
गोल्ड लोन के लिए भी जुर्माना शुल्क ओवरड्यू ईएमआई अमाउंट पर निर्भर करेगा। 1000 रुपये से कम ओवरड्यू ईएमआई अमाउंट होने पर 100 रुपये प्रतिमाह शुल्क लगेगा। 1000 रुपये से लेकर 1500 रुपये तक के लिए शुल्क 250 रुपये, 1500 से लेकर 3200 रुपये के लिए 500 रुपये, 3500 रुपये से लेकर 10,000 रुपये तक के लिए 750 रुपये, 10,000 रुपये से लेकर 20,000 रुपये तक के लिए 1000 रुपये, 20,000 रुपये से लेकर 30,000 रुपये तक के लिए 1500 रुपये, 30,000 रुपये से लेकर 60,000 रुपये तक के लिए 2,000 रुपये और 60 हजार रुपये से अधिक राशि के लिए 2500 रुपये जुर्माना शुल्क प्रतिमाह लगेगा।
लोन से अब कितना होगा जुर्माना शुल्क?
पर्सनल लोन, होम लोन, प्रॉपर्टी लोन, कार लोन, कमर्शियल व्हीकल एंड कमर्शियल इक्विपमेंट लोन, बिजनेस लोन, ट्रैक्टर लोन, रुरल माइक्रो एंटरप्राइज लोन, माइक्रो बिजनेस लोन, टू व्हीलर लोन और कंज्यूमर ड्यूरेबल लोन के लिए अनपेड ईएमआई के लिए प्रति महीने 1% शुल्क लगेगा। जिसकी लिमिट 300 रुपये निर्धारित की गई है। इससे पहले अनपेड ईएमआई पर बैंक 2% प्रतिमाह चार्ज लगता था। मोरेटोरियम अवधि के पहले वाले एजुकेशन लोन और मैच्योरिटी से पहले वाले गोल्ड लोन के लिए भी यह बदलाव लागू होगा।
Revised-Penal-Charges-Information-July-26-v1





