भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार, 5 जून को एक बार फिर तेजी का शानदार दौर देखने को मिला है। दरअसल प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ने आज के कारोबारी सत्र में लंबी छलांग लगाई, जिससे निवेशकों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी। आज सुबह बाजार खुलने के साथ ही सकारात्मक माहौल बना रहा और पूरे दिन यह तेजी बरकरार रही।
दरअसल मुंबई शेयर बाजार का बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स आज 150 अंकों (0.23%) की मजबूत बढ़त के साथ 74,500 के महत्वपूर्ण स्तर पर कारोबार करता हुआ देखा गया। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 50 अंकों (0.18%) की उछाल के साथ 23,450 के स्तर पर पहुँच गया। यह उछाल भारतीय अर्थव्यवस्था में निवेशकों के बढ़ते विश्वास को दर्शाता है। आज के कारोबार में सबसे ज्यादा खरीदारी मीडिया और आईटी सेक्टर के शेयरों में देखने को मिली, जहाँ इन क्षेत्रों के शेयरों ने शानदार प्रदर्शन किया और निवेशकों का ध्यान अपनी ओर खींचा। इन सेक्टरों में आई रौनक ने बाजार की समग्र तेजी में अहम योगदान दिया।
एशियाई बाजारों में आज गिरावट
हालांकि, जहाँ भारतीय बाजार में तेजी का माहौल था, वहीं एशियाई बाजारों में आज गिरावट का रुख रहा, जिसने वैश्विक बाजार की अस्थिरता को उजागर किया। दक्षिण कोरिया का कोस्पी इंडेक्स 362 अंकों की भारी गिरावट के साथ 8299 पर बंद हुआ, जो 3.96% की महत्वपूर्ण कमी दर्शाता है। जापान का निक्केई भी 809 अंकों की गिरावट के साथ 66384 पर आ गया, जिसमें 1.61% की गिरावट दर्ज की गई। हांगकांग का हैंगसेंग इंडेक्स भी 193 अंक गिरकर 25060 पर बंद हुआ, जो 0.78% की कमी दिखाता है। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि वैश्विक स्तर पर आर्थिक चुनौतियाँ अभी भी बनी हुई हैं।
अमेरिकी शेयर बाजारों में तेजी
इससे पहले, अमेरिकी शेयर बाजारों में गुरुवार को शानदार तेजी का माहौल रहा था, जिसने वैश्विक निवेशकों को कुछ राहत प्रदान की। डाउ जोन्स इंडेक्स 875 अंकों की उछाल के साथ 51562 पर बंद हुआ, जो 1.73% की मजबूत वृद्धि दर्शाता है। वहीं, नैस्डैक में हल्की गिरावट देखने को मिली, जहाँ यह 23 अंक गिरकर 26831 पर आया, जो 0.09% की मामूली कमी है। एसएंडपी 500 इंडेक्स भी 31 अंकों की बढ़त के साथ 7584 पर बंद हुआ, जिसमें 0.41% की तेजी दर्ज की गई। अमेरिकी बाजारों की यह मिश्रित प्रतिक्रिया वैश्विक आर्थिक संकेतों को समझने में महत्वपूर्ण है।
बाजार के जानकारों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) और घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) की गतिविधियों पर भी बाजार की चाल काफी हद तक निर्भर करती है। बीते कारोबारी सत्र यानी गुरुवार को विदेशी निवेशकों ने भारतीय बाजार से 4,447 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जिससे बाजार पर कुछ दबाव बना रहा। पिछले सात दिनों के आंकड़ों पर गौर करें तो विदेशी निवेशकों ने कुल 22,338 करोड़ रुपये की बिकवाली की है, जबकि बीते 30 दिनों में यह आंकड़ा 71,681 करोड़ रुपये की बड़ी बिकवाली को दर्शाता है। यह FIIs द्वारा भारतीय बाजार से लगातार पूंजी निकालने का संकेत है।
बीते दिन पर डालें नजर
इसके विपरीत, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने बाजार को जबरदस्त सहारा प्रदान किया। बीते कारोबारी सत्र में DIIs ने 4,360 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे, जो विदेशी बिकवाली के प्रभाव को कम करने में सहायक रहा। पिछले सात दिनों में DIIs की कुल खरीदारी 24,800 करोड़ रुपये रही है, और बीते 30 दिनों में यह आंकड़ा 93,265 करोड़ रुपये तक पहुँच गया है।






