
Gwalior Municipal Corporation decision Sheetla Mata Temple incident
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में पिछले दिनों शीतला माता मंदिर पर हुए ट्रक हादसे में जान गंवाने वाले 16 मृतकों के परिजनों को नगर निगम ने मरहम लगाने का प्रयास किया है, आज गुरुवार को आयोजित विशेष सम्मेलन में परिषद् ने सर्वसम्मति से मृतकों के एक एक परिजन को आउटसोर्स के माध्यम से नौकरी देने का फैसला किया है, उधर जिला प्रशासन ने हादसे की जाँच शुरू कर दी है और लोगों से अनुरोध किया है कि यदि कोई घटना के सम्बन्ध में साक्ष्य देना चाहता है तो वो 26 से 28 अक्टूबर तक दे सकता है।
ग्वालियर नगर निगम ने आज विशेष अभियाचित सम्मेलन का आयोजन जलविहार स्थित परिषद् भवन में किया, अध्यक्षता सभापति मनोज तोमर ने की। बैठक में नेता प्रतिपक्ष हरिपाल, मेयर-इन-काउंसिल सदस्य अवधेश कौरव, उपनेता सत्तापक्ष मंगल यादव एवं पार्षद मनोज राजपूत ने शीतला माता मंदिर में नवरात्रि मेले के दौरान हुई ट्रक दुर्घटना में 16 लोगों की मृत्यु पर शोक प्रस्ताव रखा।
आउटसोर्स पर नगर निगम में दी जाएगी नौकरी
शोक प्रस्ताव पर सदन में चर्चा हुई और इसमें एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया, चर्चा के बाद सभापति मनोज तोमर ने सभी सदस्यों की सहमति से निर्णय सुनाया कि दुर्घटना में जिन परिवारों के सदस्यों का आकस्मिक निधन हुआ है उस सभी परिवारों के एक एक सदस्य को नगर निगम में आउटसोर्सिंग पर नौकरी पर रखा जायेगा, साथ ही और जो भी मदद संभव होगी उन परिवारों को दी जाएगी। निर्णय के बाद सदन में उपस्थित सदस्यों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगतों को श्रद्धांजलि अर्पित की तथा शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। परिषद की बैठक 23 अक्टूबर 2026 दोपहर 3 बजे तक के लिये स्थगित की गई।

