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हिमाचल प्रदेश कैबिनेट बैठक में लिए गए ये बड़े फैसले! CBSE स्कूलों में 100 पद स्पेशल एजुकेटर के लिए मंजूर, मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना में भी संशोधन किया गया

Written by:Rishabh Namdev
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हिमाचल प्रदेश में मंगलवार को कैबिनेट बैठक हुई। इस बैठक में सरकार की ओर से कई बड़े फैसले किए गए हैं। सरकार ने सीबीएसई स्कूलों में 100 पद स्पेशल एजुकेटर के लिए मंजूर किए हैं और सुखाश्रय योजना में भी बदलाव किया गया है।
हिमाचल प्रदेश कैबिनेट बैठक में लिए गए ये बड़े फैसले! CBSE स्कूलों में 100 पद स्पेशल एजुकेटर के लिए मंजूर, मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना में भी संशोधन किया गया

मंगलवार को मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में कैबिनेट मीटिंग संपन्न हुई, जिसमें कई बड़े फैसले किए गए। इस दौरान सीबीएसई स्कूलों में 400 पद गणित और 400 पद अंग्रेजी टीचर के सृजित किए गए हैं। इसके अलावा इस बैठक में प्रत्येक स्कूल में एक-एक स्पेशल एजुकेटर और योग टीचर निर्धारित करने का भी फैसला किया गया है। बता दें कि कैबिनेट की बैठक में सरकार ने 100 सरकारी स्कूलों में सीबीएसई पाठ्यक्रम शुरू करने का निर्णय किया है। राज्य सरकार की ओर से शिक्षा विभाग के लिए 100 करोड़ रुपए मंजूर किए गए हैं, जिससे सीबीएसई के सभी पैरामीटर पूरे किए जा सकें और स्कूलों की कमियों को दूर किया जा सके। मार्च 2026 में सीबीएसई कक्षाएं शुरू करने की कोशिश की जा रही है।

वहीं कैबिनेट मीटिंग में किए गए फैसलों की जानकारी देते हुए इंडस्ट्री मिनिस्टर हर्षवर्धन चौहान ने बताया कि इन स्कूलों में स्टाफ भी अलग रखा जाएगा। सीबीएसई के सभी पैरामीटर को देखते हुए शैक्षणिक योग्यता क्या होगी, यह भी तय कर दिया गया है। सीबीएसई वाले इन स्कूलों में एक-एक पद चौकीदार का भी स्वीकृत किया गया है।

मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना में भी संशोधन किया गया

जानकारी दे दें कि सरकारी सीबीएसई स्कूलों में तीन-तीन मल्टी टास्क वर्कर रखने की भी मंजूरी मिली है। वहीं मिनिस्टर हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि कैबिनेट ने मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना में भी संशोधन किया है। जिन बच्चों के पेरेंट्स 70 फीसदी से ज्यादा दिव्यांग हैं, उन्हें भी अब मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना का लाभ दिया जाएगा। इसके अलावा जिनकी माताएं उन्हें छोड़कर चली गई हैं या जिन बच्चों के माता-पिता की मृत्यु हो गई है, ऐसे बच्चों को भी एसडीएम की कमेटी वेरिफाई करेगी और एसडीएम की सिफारिश पर ऐसे बच्चों को सुखाश्रय योजना का लाभ दिया जाएगा। कैबिनेट की बैठक में बीडीओ के 10 पद डायरेक्ट भर्ती से भरने की भी मंजूरी मिली है। शिक्षा विभाग में करुणामूलक आधार यानी मृतक कर्मचारियों के आश्रितों को भी नौकरी और जॉइनिंग देने की मंजूरी कैबिनेट की ओर से दी गई है।

1 लाख रुपए तक का लोन माफ करने का फैसला!

इसके अलावा कैबिनेट मीटिंग में कर्मचारियों और दुकानदारों को लेकर भी बड़ा फैसला किया गया है। बता दें कि मुख्यमंत्री लघु दुकानदार योजना के तहत शहरी क्षेत्र में जिन छोटे कारोबारियों की सालाना इनकम 10 लाख रुपए से कम है, ऐसे कारोबारियों के 1 लाख रुपए तक का लोन माफ करने का फैसला किया गया है। इसके अलावा कैबिनेट की इस बैठक में मेडिकल डिपार्टमेंट में 174 पोस्ट प्रोफेसर की भर्ती की मंजूरी भी दी गई है। साथ ही 600 पद असिस्टेंट स्टाफ नर्स के भरने की मंजूरी मिली है, जिन्हें राज्य चयन आयोग के माध्यम से भरा जाएगा। बैठक में डायरेक्टरेट ऑफ मेडिसिन और मास्टर ऑफ टॉक्सिकोलॉजी की योग्यता हासिल करने वाले शिक्षकों और डॉक्टरों को बेसिक पे का 20 फीसदी इंसेंटिव देने का फैसला भी किया गया है।

Rishabh Namdev
लेखक के बारे में
मैं ऋषभ नामदेव खेल से लेकर राजनीति तक हर तरह की खबर लिखने में सक्षम हूं। मैं जर्नलिज्म की फील्ड में पिछले 4 साल से काम कर रहा हूं। View all posts by Rishabh Namdev
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