इंदौर में शुक्रवार को मोहर्रम की दसवीं तारीख यानी यौमे आशूरा के मौके पर पारंपरिक मातमी जुलूस निकाला जाएगा। दरअसल दोपहर बाद इमामबाड़ा से सरकारी ताजिया उठने के साथ ही शहर के अलग-अलग इलाकों से आने वाले ताजिए और अखाड़े इस जुलूस में शामिल होंगे। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए प्रशासन और पुलिस ने पूरे रूट पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है और ट्रैफिक व्यवस्था में कई बदलाव किए हैं।
दरअसल मोहर्रम इस्लामिक कैलेंडर का एक अहम दिन माना जाता है। वहीं इस दिन हजरत इमाम हुसैन और कर्बला में शहीद हुए उनके 72 साथियों की कुर्बानी को याद किया जाता है। इंदौर में हर साल बड़ी संख्या में अकीदतमंद इस जुलूस में शामिल होकर मातम करते हैं। दोपहर करीब 2:30 बजे शहर काजी डॉ. इशरत अली की मौजूदगी में सरकारी ताजिया इमामबाड़ा से रवाना होगा। इसके बाद जुलूस राजबाड़ा, हरसिद्धि, मोती तबेला और कलेक्टोरेट होते हुए कर्बला मैदान पहुंचेगा, जहां पारंपरिक रस्में पूरी की जाएंगी।
मोहर्रम जुलूस के चलते इंदौर में ट्रैफिक डायवर्ट
वहीं जुलूस के दौरान शहर के कई प्रमुख रास्तों पर ट्रैफिक प्रभावित रहेगा। ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे भीड़भाड़ वाले मार्गों की बजाय वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करें। सुबह 11 बजे के बाद राजबाड़ा और जवाहर मार्ग पर सिटी बसों की आवाजाही बंद रहेगी। जवाहर मार्ग की बसों को मृगनयनी और सुभाष मार्ग से निकाला जाएगा। वहीं कलेक्टोरेट से महूनाका की ओर जाने वाली बसों का संचालन भी रोक दिया जाएगा।
इन रास्तों पर जानें से बचें
दरअसल भंवरकुआं से महूनाका जाने वाले चार पहिया वाहन टॉवर चौराहा, पलसीकर, माणिकबाग ब्रिज, राजीव गांधी चौराहा, राजेंद्र नगर, उत्सव होटल, गोपूर और फूटी कोठी होते हुए अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे। इसी तरह ट्रांसपोर्ट नगर की ओर जाने वाले वाहनों के लिए भी अलग मार्ग तय किया गया है। सभी ताजियों के कर्बला मैदान पहुंचने के बाद निजी कारों और दोपहिया वाहनों को हेमू कॉलोनी, हरसिद्धि, मच्छी बाजार, यशवंत रोड और राजमोहल्ला की ओर से डायवर्ट किया जाएगा। भारी वाहनों को भी रिंग रोड के जरिए वैकल्पिक रूट अपनाने की सलाह दी गई है।
प्रशासन ने लोगों से की सहयोग की अपील
वहीं मोहर्रम के जुलूस को शांतिपूर्ण और सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए हैं। पूरे जुलूस मार्ग पर पुलिस बल, ट्रैफिक पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों की तैनाती की गई है। संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी तरह की अव्यवस्था न हो। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे ट्रैफिक नियमों का पालन करें, अफवाहों पर ध्यान न दें और जुलूस के दौरान पुलिस के निर्देशों का सहयोग करें।






