आकाश धौलपुरे/इंदौर। किसान के साथ पहले जमीन को लेकर धोखाधड़ी की गई और अब उसे जान से मारने की खुलेआम धमकियां मिल रही हैं। भू-माफिया किशोर वाधवानी और गिरीश मतलानी के गलत तरीके से वॉव होटल की जमीन हथियाने के खिलाफ जमीन के असली मालिक जगदीश पालीवाल होटल वॉव के बाहर दस्तावेजों के साथ शुक्रवार की सुबह 10 बजे आमरण अनशन पर बैठेंगे ताकि भूमाफिया के खिलाफ मुहिल चला रहे मुख्यमंत्री कमलनाथ तक ऊनकी आवाज पहुंच सके। EOW में वॉव होटल के मालिकों के खिलाफ FIR दर्ज हो चुकी है। इसके अलावा जीतू सोनी से संबंधों को लेकर भी गिरीश मतलानी के खिलाफ FIR दर्ज हो चुकी है। अब होटल के मालिक किशोर वाधवानी और गिरीश मतलानी अपने पैसे और रसूख के दम पर FIR वापस लेने का दबाव गरीब किसान जगदीश पालीवाल पर बना रहे हैं। 68 साल के शख्स पर फर्जी एफआईआर दर्ज करा रहे हैं। जिसमें पुलिस ने जांच कर खारिजी भी लगा दी है, लेकिन माफिया गिरोह रूक नहीं रहा। इंसाफ के लिए जगदीश पालीवाल शुक्रवार से आमरण अनशन पर बैठेंगे। किसान का कहना है की पहले उसके साथ धोखाधड़ी की गई और अब जान से मारने की धमकियां मिल रही है। और इसीलिए जब तक आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई नहीं होगी तब वो अनशन पर बैठेंगे।
किसानों की गुहार भू-माफियाओं से बचा लो नाथ सरकार
Written by:Gaurav Sharma
Last Updated:
लेखक के बारे में
पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है।
इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →






