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शादी की अनोखी रस्में, जानें उनके पीछे के साइंटिफिक रीजन

Written by:Sanjucta Pandit
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सभी रस्में अलग-अलग नाम से अलग-अलग जगह पर विभिन्न तरीकों से की जाती है। हालांकि, अब तो कुछ गांव ही बचे हैं, जिसे आज भी ठीक वैसे ही निभाते हैं जैसे पहले निभाई जाती थी।
शादी की अनोखी रस्में, जानें उनके पीछे के साइंटिफिक रीजन

Wedding Unique Rituals : सनातन धर्म में शादी-विवाह का काफी ज्यादा महत्व है। इसमें निभाई जाने वाली रस्में अलग-अलग महत्व के लिए जानी जाती है। हर समुदाय के अपने अलग-अलग रीति-रिवाज होते हैं, जिसे बहुत ही शिद्दत के साथ लोग निभाते हैं।

अक्सर आपने देखा होगा पारंपरिक शादी समारोह में दूल्हे का स्वागत बहुत ही अनोखे तरीके से किया जाता है। इसके अलावा, कुछ और इंटरेस्टिंग फेक्ट्स है। जैसे जूता छुपाई, अंगूठी ढूंढना, लड्डू फेंकना, आदि। यह सभी रस्में अलग-अलग नाम से अलग-अलग जगह पर विभिन्न तरीकों से की जाती है। हालांकि, अब तो कुछ गांव ही बचे हैं, जिसे आज भी ठीक वैसे ही निभाते हैं जैसे पहले निभाई जाती थी।

अनोखी रस्में

शादी में मेहंदी लगाना हो या अंगूठी ढूंढना हो… इन सब के पीछे एक साइंटिफिक रीजन है। हालांकि, आजकल की शादियां सुबह से लेकर शाम तक में कंप्लीट हो जाती है। उस कारण पुरानी रस में बिल्कुल खत्म हो चुकी है। सनातन धर्म में जब दूल्हा शादी के मंडप में आता है, तब जूते बाहर उतार कर आता है। जिसे सालियों द्वारा छुपा दिया जाता है। वह फिर दूल्हे से गिफ्ट की उम्मीद करती हैं। शादी के बाद दुल्हन की बहने वह जूते वापस कर देती है।

साइंटिफिक रीजन

यह सभी रस्में पति-पत्नी को जीवन में एकजुटता बनाए रखने का संदेश देते हैं। साथ ही यह भी बताया जाता है कि समाज में उन्हें हर रिश्ते को अलग-अलग तरीके से महत्व देना है, क्योंकि सभी रिश्ते बेहद जरूरी होते हैं। इसलिए यह सारी रस्में निभाना बहुत जरूरी होता है।

Sanjucta Pandit
लेखक के बारे में
मैं संयुक्ता पंडित वर्ष 2022 से MP Breaking में बतौर सीनियर कंटेंट राइटर काम कर रही हूँ। डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन और बीए की पढ़ाई करने के बाद से ही मुझे पत्रकार बनना था। जिसके लिए मैं लगातार मध्य प्रदेश की ऑनलाइन वेब साइट्स लाइव इंडिया, VIP News Channel, Khabar Bharat में काम किया है। पत्रकारिता लोकतंत्र का अघोषित चौथा स्तंभ माना जाता है। जिसका मुख्य काम है लोगों की बात को सरकार तक पहुंचाना। इसलिए मैं पिछले 5 सालों से इस क्षेत्र में कार्य कर रही हुं। View all posts by Sanjucta Pandit
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