बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री एक बार फिर अपने बयान को लेकर चर्चा में हैं। उत्तर प्रदेश के बांदा में एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने ‘तिरंगे पर चांद’ को लेकर एक टिप्पणी की, जिसने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है। उनके इस बयान पर समाजवादी पार्टी (सपा) ने कड़ी आपत्ति जताते हुए उन पर नफरत फैलाने का आरोप लगाया है।
सपा विधायक रविदास मेहरोत्रा ने धीरेंद्र शास्त्री पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि वह एक धार्मिक गुरु की तरह नहीं, बल्कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रवक्ता की तरह व्यवहार कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि शास्त्री जानबूझकर देश में हिंदू-मुस्लिम तनाव पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं।
‘तिरंगे में चांद आया तो…’
बांदा में आयोजित एक कार्यक्रम में पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने हिंदू राष्ट्र और राष्ट्रवाद पर अपनी बात रखी। इसी दौरान उन्होंने कहा कि देश में जातिवाद की जगह राष्ट्रवाद को प्राथमिकता देनी चाहिए। उन्होंने अपने संबोधन में एक विवादित टिप्पणी भी की।
“जिस दिन तिरंगे में चांद आ गया उस दिन न शर्मा बचेंगे और न वर्मा। न तुलसीदास वाले बचेंगे, न अगड़ा बचेगा और न पिछड़ा। इसलिए देश में कास्टवाद नहीं राष्ट्रवाद होना चाहिए।” — पंडित धीरेंद्र शास्त्री
उन्होंने आगे कहा कि इस दौर में वही बचेगा जो एकजुट है। धीरेंद्र शास्त्री ने हिंदुओं की घटती आबादी पर चिंता जताते हुए कहा, “हमारा परिचय जाति से नहीं, हिंदू से होना चाहिए। जब चच्चे के 30-30 बच्चे हो सकते हैं तो हिन्दुओं के क्यों नहीं?”
सपा का तीखा पलटवार
धीरेंद्र शास्त्री के इस बयान के बाद समाजवादी पार्टी ने उन पर मोर्चा खोल दिया है। लखनऊ से सपा विधायक रविदास मेहरोत्रा ने कहा कि शास्त्री के बयान समाज में जहर घोलने वाले हैं।
“धीरेंद्र शास्त्री हमेशा ऐसा बयान देते हैं जिससे नफरत और फैल जाए। वो RSS के प्रवक्ता बन गए हैं और देश में ऐसा माहौल पैदा कर रहे हैं कि हिन्दू मुस्लिम तनाव हो। आपस में लोगों को तोड़ा जाए और सांप्रदायिक सद्भाव खराब किया जाए।” — रविदास मेहरोत्रा, सपा विधायक
मेहरोत्रा ने आगे कहा, “कोई भी धार्मिक गुरु इस तरह की भाषा का इस्तेमाल नहीं करता है। एक गुरु का काम सभी धर्मों का सम्मान करना होता है। हम सभी धर्मों का आदर करते हैं, लेकिन धीरेंद्र शास्त्री लगातार देश का माहौल बिगाड़ रहे हैं।” इस बयान के बाद से ही धीरेंद्र शास्त्री एक बार फिर सियासत के केंद्र में आ गए हैं।





