पश्चिम बंगाल में रेलवे का कायाकल्प हो रहा है। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्य के लिए कई बड़ी घोषणाएं की हैं। सिलीगुड़ी को जल्द ही बुलेट ट्रेन मिलेगी। कोलकाता शहर के लिए 60 नई नेक्स्ट जनरेशन मेट्रो ट्रेनें लाई जाएंगी। रेलवे पश्चिम बंगाल में कुल 14205 करोड़ रुपए का भारी निवेश करेगा।
रेल मंत्री ने बताया कि पश्चिम बंगाल में सरकार बदलने के बाद रेल परियोजनाओं में तेजी आई है। राज्य में रेलवे विकास की रफ्तार बढ़ी है। 102 अमृत भारत स्टेशन बनाए जाएंगे। इनमें से 10 स्टेशनों पर काम पूरा हो चुका है। पश्चिम बंगाल में रेलवे का 100 प्रतिशत विद्युतीकरण भी पूर्ण हो गया है।
केंद्रीय मंत्री ने पिछली सरकार पर विकास रोकने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि 62 रुकी हुई परियोजनाओं को अब हरी झंडी मिल गई है। इन परियोजनाओं पर काम शुरू होगा। रेल मंत्री वैष्णव ने कोलकाता दौरे के दौरान यह घोषणाएं कीं। उन्होंने सिलीगुड़ी से बुलेट ट्रेन शुरू करने की बात कही। 60 नई नेक्स्ट जनरेशन मेट्रो ट्रेनें कोलकाता के लिए चलेंगी।
पश्चिम बंगाल को 14205 करोड़ रुपए का निवेश
रेल मंत्री ने बंगाल के लिए दिए गए बड़े अमाउंट का भी ब्यौरा दिया। उन्होंने बताया कि यूपीए सरकार के समय बंगाल के लिए केवल 4000 करोड़ रुपए दिए गए थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अब 14205 करोड़ रुपए का भारी-भरकम बजट दिया है। उन्होंने कहा कि एनओसी देने का काम अब शुरू हो गया है। जमीन अधिग्रहण की समस्या का हल निकलना भी शुरू हो गया है। भविष्य में सभी मिलकर और तेजी से काम करेंगे।
बंगाल के लिए रेलवे की रूपरेखा तैयार है। रेल मंत्री ने कहा कि 102 नए अमृत भारत स्टेशन बनेंगे। 10 स्टेशनों पर काम पूरा हो चुका है। वंदे भारत स्लीपर ट्रेन सबसे पहले बंगाल में ही शुरू की गई थी। पश्चिम बंगाल में अभी 9 वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेनें चल रही हैं। इसके अलावा 13 अमृत भारत ट्रेनें भी राज्य में चल रही हैं।
सिलीगुड़ी को मिलेगी बुलेट ट्रेन की सौगात
सिलीगुड़ी को अब बुलेट ट्रेन भी मिलेगी। प्रधानमंत्री ने पश्चिम बंगाल में बुलेट ट्रेन शुरू करने का प्लान बनाया है। यह बुलेट ट्रेन दिल्ली से वाराणसी और पटना होते हुए सिलीगुड़ी तक पहुंचेगी। यात्री अब आराम से बैठकर 6 घंटे में दिल्ली से सिलीगुड़ी पहुंच सकेंगे। कोलकाता मेट्रो के लिए 60 नई नेक्स्ट जनरेशन ट्रेनें लाई जाएंगी।
रेल मंत्री ने की फ्रेट कॉरिडोर की घोषणा
रेल मंत्री ने पूरब से पश्चिम तक फ्रेट कॉरिडोर शुरू करने की भी घोषणा की। यह फ्रेट कॉरिडोर डानकुनी से शुरू होगा। यह सूरत तक जाएगा। इससे माल ढुलाई में तेजी आएगी। उन्होंने यह भी दावा किया कि पश्चिम बंगाल में रेलवे का 100 प्रतिशत इलेक्ट्रिफिकेशन पूरा हो चुका है। डबल इंजन सरकार के कंधों पर रेलवे और तेज स्पीड से चलेगी।
सरकार बदलने के एक महीने के अंदर ही नबन्ना में एक उच्चस्तरीय बैठक हुई। इस बैठक में रेल मंत्री और मुख्यमंत्री मौजूद थे। कई विधायक भी इस हाई-प्रोफाइल मीटिंग में शामिल हुए थे। जमीन ट्रांसफर और प्रशासनिक क्लीयरेंस पर विस्तार से चर्चा हुई। इस बैठक के बाद ही 62 रुके हुए प्रोजेक्ट्स को हरी झंडी मिली है। बंगाल में रेलवे का विकास अब नई दिशा ले रहा है।





