नीमच: मध्यप्रदेश के नीमच जिले में सोमवार को गोल्ड क्रस्ट फैक्ट्री में एक लापता मजदूर की मौत के बाद हंगामा मच गया। फैक्ट्री में मौजूद अन्य मजदूरों ने अपने साथी की मौत के बाद शव रखकर धरने पर बैठ गये। मजदूरों का बढ़ता आक्रोश देख मौके पर पुलिस की टीम पहुंची और मजदूरों को समझाइश देकर शांत कराया।
जानकारी अनुसार, मृतक की पहचान चंदन बुनिया के रूप में बताई जा रही है। 27 सितंबर की दोपहर करीब 3 बजे से लापता था। साथियों और परिजनों ने उसकी तलाश की लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। इसके बाद 28 सितंबर की सुबह फैक्ट्री परिसर में उसका शव मिलने की बात सामने आई। जिसके बाद फैक्ट्री में हड़कंप मच गया।
फैक्ट्री में सुरक्षा इंतजामों पर उठे गंभीर सवाल
मजदूरों का आरोप है कि जब उन्हें शव मिलने को जानकारी मिली तब तक शव को एम्बुलेंस में रखा जा रहा था। तभी मौके पर पहुंचे मजदूरों ने शव को एम्बुलेंस से उतरवाया और फैक्ट्री परिसर में लेकर आए। साथी मजदूरों ने फैक्ट्री में सुरक्षा इंतजामों पर गंभीर सवाल उठाए। उनका कहना है कि मजदूरों के लिए पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं है और आए दिन घटनाएं होने का आरोप भी लगाया गया। हालांकि, चंदन की मौत आखिर किन परिस्थितियों में हुई यह जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
मृतक के परिवार को 30 लाख मुआवजा की मांग
मजदूरों ने मृतक के परिवार को करीब 30 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग रखी। मीडिया से बातचीत करते हुये मजदूर पप्पू खान ने कहा कि अगर मांग पूरी नहीं हुई तो शव को यहीं रखेंगे और वापस नहीं ले जाएंगे। मामले की सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मजदूरों को समझाइश दी। इसके बाद शव को पुलिस ने अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस पूरे मामले की जांच मे जुट गई है।






