नीमच जिले के सिंगोली में आयोजित रक्तदान शिविर में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया। वीरेंद्र कुमार सकलेचा शासकीय डोम परिसर में हुए इस शिविर में कुल 538 यूनिट रक्त एकत्र किया गया। शिविर का आयोजन धाकड़ महासभा युवा संघ और टीम जीवनदाता की ओर से किया गया था।
सुबह करीब 9 बजे से ही लोग रक्तदान के लिए पहुंचने लगे थे। शाम 5 बजे तक शिविर में रक्तदान का सिलसिला चलता रहा। आयोजकों के अनुसार, इसमें युवाओं के साथ महिलाएं और अन्य उम्र वर्ग के लोग भी शामिल हुए। रक्त संग्रह की प्रक्रिया डॉक्टरों और ब्लड बैंक की टीम की निगरानी में की गई।
अर्जुन धाकड़ के आह्वान पर पहुंचे युवा
रक्तदान शिविर के आयोजन में धाकड़ युवा संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष अर्जुन धाकड़ की भूमिका रही। उनके आह्वान पर क्षेत्र के अलग-अलग हिस्सों से युवा सिंगोली पहुंचे। शिविर में युवाओं की संख्या अधिक रही। इनमें कई ऐसे लोग भी थे, जिन्होंने पहली बार रक्तदान किया। आयोजकों ने युवाओं से रक्तदान करने की अपील की थी। इसके बाद सुबह से ही डोम परिसर में लोगों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया।
डॉक्टरों और ब्लड बैंक की टीम की निगरानी में हुआ रक्त संग्रह
रक्तदान शिविर में रक्त लेने की पूरी प्रक्रिया डॉक्टरों और ब्लड बैंक की तकनीकी टीम की निगरानी में की गई। रक्तदान से पहले लोगों की जरूरी जांच की गई और इसके बाद पात्र लोगों से रक्त लिया गया।
रक्तदाताओं के लिए शिविर में बैठने, स्वास्थ्य जांच और भोजन-पानी की व्यवस्था भी की गई थी। रक्तदान के बाद लोगों को कुछ समय आराम कराया गया, ताकि किसी तरह की परेशानी होने पर तुरंत मदद मिल सके। आयोजकों के अनुसार, शिविर में एकत्र किया गया रक्त जरूरतमंद मरीजों के इलाज में इस्तेमाल किया जाएगा।
पहली बार रक्तदान करने वालों में भी दिखा उत्साह
शिविर में केवल नियमित रक्तदाता ही नहीं पहुंचे। कई युवाओं और महिलाओं ने पहली बार रक्तदान किया। पहली बार रक्तदान करने वालों के लिए यह अनुभव नया था। शिविर में मौजूद टीम ने रक्तदान की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी और जरूरी जांच के बाद रक्त लिया।
आयोजकों के मुताबिक, बड़ी संख्या में युवाओं का पहली बार रक्तदान के लिए आगे आना इस शिविर की प्रमुख बातों में से एक रहा। रक्तदान को लेकर लोगों के बीच कई तरह की गलत धारणाएं भी रहती हैं। ऐसे शिविरों में डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों की मौजूदगी लोगों को सही जानकारी देने में मदद करती है।






