सागर खदान हादसा ने एक बार फिर यह दिखा दिया कि लापरवाही कितनी भारी पड़ सकती है। चार दोस्त हंसी-मजाक करते हुए नहाने के लिए खदान पहुंचे थे, लेकिन किसी को अंदाजा नहीं था कि यह दिन उनकी जिंदगी का आखिरी दिन बन जाएगा।
गांव गुड़ा के पास स्थित खदान में पानी गहरा था। नहाते समय एक दोस्त अचानक डूबने लगा, और उसे बचाने की कोशिश में बाकी दो दोस्त भी पानी में कूद गए। कुछ ही सेकंड में हालात इतने बिगड़ गए कि तीनों दोस्त पानी में समा गए और चौथा दोस्त किसी तरह बच पाया।
कैसे हुआ सागर खदान हादसा
सागर खदान हादसा उस समय हुआ जब चार युवक नहाने के लिए खदान में उतरे थे। नहाते-नहाते अचानक तनीश कोरी गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा।
उसे बचाने के लिए अभिषेक और तेजराम ने बिना सोचे समझे पानी में छलांग लगा दी। लेकिन खदान का पानी बहुत गहरा था और वहां कीचड़ भी था, जिससे वे खुद को संभाल नहीं पाए। देखते ही देखते तीनों युवक डूब गए।
चौथे साथी आयुष ने भी उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन आसपास के लोगों ने उसे पकड़ लिया और बाहर निकाल लिया। इस तरह एक दोस्त की जान बच गई, लेकिन तीन दोस्तों की जिंदगी खत्म हो गई।
SDRF का रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और SDRF टीम मौके पर पहुंच गई। सागर खदान हादसा के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई और हर कोई मदद करने की कोशिश में जुट गया।
SDRF टीम ने तुरंत सर्च ऑपरेशन शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद अभिषेक का शव बरामद कर लिया गया, लेकिन बाकी दो युवकों की तलाश देर रात तक जारी रही। अधिकारियों का कहना है कि अंधेरा और गहराई की वजह से रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी दिक्कतें आईं। इसके बावजूद टीम लगातार प्रयास करती रही।
प्रशासन और नेताओं की प्रतिक्रिया
सागर खदान हादसा की खबर मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया। मौके पर वरिष्ठ अधिकारी पहुंचे और हालात का जायजा लिया। नरयावली विधायक प्रदीप लारिया भी घटनास्थल पर पहुंचे और अधिकारियों से जानकारी ली। उन्होंने रेस्क्यू टीम को तेजी से काम करने के निर्देश दिए। प्रशासन ने लोगों से अपील की कि वे ऐसी खतरनाक जगहों पर न जाएं, खासकर जहां पानी गहरा हो और सुरक्षा के इंतजाम न हों।
CM मोहन यादव का ऐलान
सागर खदान हादसा पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गहरा दुख जताया। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं और मृतकों के परिवारों को हर संभव मदद का भरोसा दिया।
सरकार की ओर से प्रत्येक पीड़ित परिवार को 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया गया है। यह मदद भले ही परिवारों के दुख को कम नहीं कर सकती, लेकिन मुश्किल समय में सहारा जरूर देगी।
सागर जिले के थाना बहेरिया के अंतर्गत गुड़ा ग्राम में युवकों के तालाब में डूबने का समाचार अत्यंत दुखद है। तीन में से एक युवक का शव निकाला गया है, जबकि शेष दो युवकों की तलाश SDERF की टीम कर रही है।
मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिवारों के साथ हैं। शासन की ओर से प्रभावित परिवारों को 4-4…
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) April 24, 2026






