आईसीसी (ICC) की वार्षिक बैठक के बाद वनडे वर्ल्ड कप 2027 के फॉर्मेट में बदलाव की जानकारी सामने आई है। दरअसल इसके बाद सोशल मीडिया पर यह चर्चा शुरू हो गई कि नए सिस्टम से भारत और पाकिस्तान के बीच पहले से ज्यादा मुकाबले देखने को मिल सकते हैं। वहीं क्रिकेट फैंस के बीच इस बदलाव को लेकर काफी उत्साह है क्योंकि भारत-पाकिस्तान मैच हमेशा सबसे ज्यादा चर्चा में रहते हैं।
हालांकि यह साफ करना जरूरी है कि आईसीसी ने आधिकारिक तौर पर यह नहीं कहा है कि फॉर्मेट में बदलाव सिर्फ भारत-पाकिस्तान मुकाबले बढ़ाने के लिए किया गया है। लेकिन नए फॉर्मेट में ऐसा गणित जरूर बनता है कि दोनों टीमें नॉकआउट से पहले दो बार भिड़ सकती हैं। वहीं इसके बाद अगर दोनों सेमीफाइनल या फाइनल में पहुंचती हैं तो तीसरा मुकाबला भी संभव हो सकता है।
वनडे वर्ल्ड कप 2027 का नया फॉर्मेट कैसा है?
दरअसल आईसीसी के नए फॉर्मेट के मुताबिक 2027 वनडे वर्ल्ड कप में कुल 14 टीमें हिस्सा लेंगी। पहले चरण में निचली रैंक वाली तीन टीमें सुपर सीरीज खेलेंगी जिसमें विजेता टीम मुख्य टूर्नामेंट में जगह बनाएगी। इसके बाद 12 टीमों को छह-छह टीमों के दो ग्रुप में बांटा जाएगा। दोनों ग्रुप में राउंड-रॉबिन फॉर्मेट के तहत सभी टीमें एक-दूसरे के खिलाफ मुकाबला खेलेंगी।
— Out Of Context Cricket (@GemsOfCricket) July 15, 2026
तीन-तीन टीमें अगले दौर में पहुंचेंगी
वहीं ग्रुप स्टेज खत्म होने के बाद दोनों ग्रुप की शीर्ष तीन-तीन टीमें अगले दौर में पहुंचेंगी। इनके साथ बेहतर प्रदर्शन करने वाली टीमों को मिलाकर सुपर-7 चरण खेला जाएगा। यहां भी सभी टीमें राउंड-रॉबिन फॉर्मेट में मुकाबले खेलेंगी। दरअसल सुपर-7 के बाद शीर्ष चार टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी और फिर विजेता टीमें फाइनल खेलेंगी। इसी नए ढांचे की वजह से एक ही टूर्नामेंट में भारत और पाकिस्तान के दो या तीन बार आमने-सामने आने की संभावना बन रही है लेकिन इसके लिए दोनों टीमों का अगले चरणों तक पहुंचना जरूरी होगा।
जानिए भारत-पाकिस्तान मुकाबले को लेकर क्यों बढ़ी चर्चा?
दरअसल भारत और पाकिस्तान के बीच क्रिकेट मुकाबले दुनिया के सबसे ज्यादा देखे जाने वाले खेल आयोजनों में गिने जाते हैं। दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय सीरीज लंबे समय से नहीं हो रही है इसलिए फैंस को सिर्फ आईसीसी और एशिया कप जैसे टूर्नामेंट में ही यह मुकाबला देखने का मौका मिलता है। ऐसे में वर्ल्ड कप के नए फॉर्मेट के बाद इस प्रतिद्वंद्विता को लेकर चर्चा और तेज हो गई है।
वहीं सोशल मीडिया पर कई पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि नया फॉर्मेट भारत-पाकिस्तान मैचों की संख्या बढ़ाने के लिहाज से तैयार किया गया है। हालांकि आईसीसी की ओर से ऐसा कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।






