पाकिस्तान क्रिकेट टीम टी20 वर्ल्ड कप से बाहर हो गई है। पल्लेकेले में खेले गए एक रोमांचक मैच में पाकिस्तान ने श्रीलंका को 5 रनों से हरा तो दिया, लेकिन यह जीत उसके किसी काम नहीं आई। सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए पाकिस्तान को जो समीकरण साधने थे, वे श्रीलंकाई कप्तान दसुन शनाका की एक विस्फोटक पारी के कारण पूरी तरह ध्वस्त हो गए। इस परिणाम के साथ ही न्यूजीलैंड ने नेट रन रेट के आधार पर सेमीफाइनल के लिए क्वालीफाई कर लिया है।
जीत के बावजूद क्यों टूटा पाकिस्तान का सपना?
मैच से पहले पाकिस्तान के लिए अंतिम-4 में जगह बनाने का गणित बिल्कुल साफ था। उसे श्रीलंका पर कम से कम 65 रनों की बड़ी जीत दर्ज करनी थी। पाकिस्तान ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 212 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया, जिसके बाद उसे श्रीलंका को 147 रनों के स्कोर पर रोकना था। एक समय ऐसा लगा भी कि पाकिस्तान यह लक्ष्य हासिल कर लेगा, जब श्रीलंका ने शुरुआती विकेट जल्दी गंवा दिए। लेकिन पहले पवन रत्नायके और फिर कप्तान शनाका ने पाकिस्तानी गेंदबाजों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया।
चूंकि श्रीलंकाई टीम 147 रनों का आंकड़ा पार कर गई, इसलिए पाकिस्तान की जीत का अंतर कम हो गया और वह नेट रन रेट में न्यूजीलैंड से आगे नहीं निकल सका। यह एक ऐसी जीत थी जो हार से कम नहीं थी।
कप्तान शनाका की तूफानी पारी ने फेरा पानी
जब लग रहा था कि पाकिस्तानी गेंदबाज श्रीलंका को आसानी से रोक लेंगे, तब कप्तान दसुन शनाका क्रीज पर आए और उन्होंने मैच का रुख ही पलट दिया। शनाका ने महज 31 गेंदों पर 76 रनों की तूफानी पारी खेली, जिसमें 8 छक्के और 2 चौके शामिल थे। उनकी इस पारी ने सुनिश्चित कर दिया कि पाकिस्तान सेमीफाइनल की दौड़ से बाहर हो जाए। उनसे पहले पवन रत्नायके ने भी 37 गेंदों पर 58 रन बनाकर एक मजबूत नींव रखी थी।
आखिरी ओवर का रोमांच
मैच का अंतिम ओवर भी बेहद नाटकीय रहा। श्रीलंका को जीत के लिए 28 रनों की जरूरत थी और गेंद शाहीन अफरीदी के हाथ में थी। अफरीदी ने पहली पांच गेंदों पर ही 22 रन लुटा दिए, जिससे आखिरी गेंद पर श्रीलंका को जीत के लिए एक छक्के की दरकार थी। लेकिन अफरीदी ने आखिरी गेंद वाइड लाइन के करीब एक सटीक यॉर्कर फेंकी, जिसे शनाका ने वाइड समझकर छोड़ दिया। इस तरह श्रीलंका 5 रनों से मैच हार गया, लेकिन जाते-जाते पाकिस्तान का सेमीफाइनल का सपना भी तोड़ गया।






