मध्य प्रदेश के उज्जैन में सोशल मीडिया के जरिए लोगों को फंसाने वाले एक बड़े हनीट्रैप गिरोह का पुलिस ने खुलासा किया है। गिरोह की एक युवती ने पहले इंस्टाग्राम पर युवक से दोस्ती की और नौकरी दिलाने का झांसा देकर मिलने बुलाया। वहां पहले से मौजूद बदमाशों ने उसका अपहरण कर लिया, मारपीट की और अश्लील वीडियो बनाकर 50 लाख रुपये की फिरौती मांग डाली। मामले में नानाखेड़ा पुलिस ने 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि गिरोह की महिला सदस्य समेत दो आरोपी अब भी फरार हैं।
इंस्टाग्राम पर हुई दोस्ती, फिर शुरू हुआ हनीट्रैप का खेल
वहीं पुलिस के मुताबिक, ग्राम नरवर निवासी 29 वर्षीय हैदर पटेल ने 20 जुलाई को नानाखेड़ा थाने में शिकायत दर्ज कराई। पीड़ित ने बताया कि अंजली ठाकुर नाम की युवती ने इंस्टाग्राम पर संपर्क किया और नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया। दरअसल युवती ने मिलने के लिए बुलाया। जैसे ही हैदर तय स्थान पर पहुंचा, वहां पहले से मौजूद मुख्य आरोपी लोकेश शर्मा और उसके साथियों ने उसे जबरन कार में बैठाकर अगवा कर लिया।
उज्जैन की नानाखेड़ा पुलिस ने इंस्टाग्राम के माध्यम से हनीट्रैप कर युवक का अपहरण कर ₹50 लाख की फिरौती मांगने वाले संगठित अंतरजिला गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने गिरोह के मुख्य आरोपी सहित 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।@DrMohanYadav51 @sp_ujjain pic.twitter.com/tJmeA8C4oM
— Home Department, MP (@mohdept) July 22, 2026
मारपीट कर बनाया आपत्तिजनक वीडियो
अपहरण के बाद आरोपियों ने युवक के साथ मारपीट की और उसका आपत्तिजनक वीडियो बना लिया। इसके बाद धमकी दी कि यदि पैसे नहीं दिए तो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर देंगे और झूठे मामले में फंसा देंगे।
पिता से मांगी ₹50 लाख की फिरौती, ₹10 लाख वसूल लिए
गिरोह ने युवक के पिता को फोन कर 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी। काफी बातचीत के बाद रकम 26 लाख रुपये पर तय हुई। आरोपियों ने पीड़ित परिवार से 10 लाख रुपये ले लिए और युवक को छोड़ दिया, लेकिन बाकी 16 लाख रुपये के लिए लगातार धमकियां देते रहे। धमकियों से परेशान होकर पीड़ित ने पुलिस से शिकायत की, जिसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ।
ऐसे पकड़ा गया पूरा गिरोह
दरअसल मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई। सीएसपी श्वेता गुप्ता और थाना प्रभारी नरेन्द्र कुमार यादव के नेतृत्व में साइबर सेल और मुखबिरों की मदद से पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के 10 सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया।
ऐसे चुनते थे अपना शिकार
पूछताछ में सामने आया कि गिरोह पहले ऐसे लोगों की पहचान करता था, जिनकी आर्थिक स्थिति अच्छी होती थी। सह-आरोपी इदरीश पटेल ने हैदर की आर्थिक जानकारी और इंस्टाग्राम आईडी गिरोह को उपलब्ध कराई। इसके बाद महिला सदस्य अंजली ठाकुर ने सोशल मीडिया के जरिए युवक को अपने जाल में फंसाया।
पुलिस ने जिन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उनमें ये शामिल हैं –
लोकेश शर्मा (मुख्य आरोपी)
राजपाल सिंह राठौड़
पंकज बमोरिया
यशवंत देवड़ा
आर्यन राठौर
लखन पंवार
इदरीश पटेल
इमरान उर्फ राजा
जयसिंह चौहान
आयुष जाटवा






