पूरे उत्तर प्रदेश में इन दिनों राजनीतिक बयानबाजी को लेकर एक नया विवाद खड़ा हो गया है, जिसके केंद्र में उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय आ गए हैं और उनकी मुश्किलें लगातार बढ़ती दिखाई दे रही हैं, दरअसल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोप में उनके खिलाफ महोबा में आपराधिक मुकदमा दर्ज किया गया है, जिसके बाद कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने अपनी टिप्पणी पर तत्काल सफाई पेश की है और इस पूरे मामले में एक नया मोड़ आ गया है।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने अपने ऊपर लगे आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए उस वीडियो को एआई जेनरेटेड बताया है, जिसमें उन्हें प्रधानमंत्री के खिलाफ कथित तौर पर अभद्र टिप्पणी करते हुए दिखाया गया है, वहीं इस मामले में कानूनी शिकंजा कसने के बाद अजय राय ने महोबा की एक घटना का भी जिक्र किया है, जहाँ उन्होंने सरकार से एक दलित बच्ची के साथ 16 दिनों तक हुए रेप के मामले में न्याय की मांग की है। उन्होंने दृढ़ता से कहा है कि उनके ऊपर एक नहीं बल्कि सौ मुकदमे लगा दिए जाएं, वे इसके लिए पूरी तरह से तैयार हैं, इसके साथ ही अजय राय ने आगामी चुनावों को लेकर अपनी पार्टी की तैयारियों का भी जिक्र किया, जहाँ उन्होंने बताया कि कांग्रेस उत्तर प्रदेश की सभी 403 विधानसभा सीटों पर अपनी रणनीति के तहत तैयारी कर रही है।
क्या है पूरा मामला?
यह पूरा मामला महोबा के समदनगर मोहल्ले से जुड़ा है, जहाँ नीट छात्रा से मिलने पहुंचे कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय के खिलाफ अब कानूनी कार्रवाई शुरू हो गई है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर की गई आपत्तिजनक टिप्पणी और गाली देने के आरोप में शहर कोतवाली में अजय राय, कांग्रेस के निवर्तमान प्रदेश सचिव ब्रजराज सिंह अहिरवार और उनके साथ मौजूद 25 से 30 अज्ञात समर्थकों के खिलाफ गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है, इस शिकायत को भाजपा जिला कार्यसमिति के सदस्य और अधिवक्ता नीरज रावत ने पुलिस को दी थी, जिसके आधार पर यह कार्रवाई की गई है।
शिकायतकर्ता नीरज रावत ने पुलिस को दी गई अपनी तहरीर में स्पष्ट रूप से बताया है कि 22 मई 2026 को समदनगर में बिना किसी प्रशासनिक अनुमति के एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया था, और तो और इस कार्यक्रम के दौरान अजय राय ने देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ बेहद अश्लील और अभद्र टिप्पणी की, साथ ही उन्हें अपशब्द भी कहे, इस अमर्यादित कृत्य का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने पूरे मामले को और भी तूल दे दिया है।
पुलिस ने मामले में दर्ज की FIR
भाजपा नेताओं ने इस वायरल वीडियो पर अपनी कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए आरोप लगाया है कि इस वीडियो से समाज में जातिगत विद्वेष फैल रहा है और आम जनता में भारी आक्रोश भी पनप रहा है, शिकायतकर्ता ने अपने आरोपों के समर्थन में वायरल वीडियो को पेनड्राइव में संलग्न कर पुलिस को साक्ष्य के तौर पर सौंपा है, पुलिस ने इस गंभीर मामले को संज्ञान में लेते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 126(2), 352, 196(1), 189(2) और 132 के तहत मुकदमा पंजीकृत कर लिया है और अब इस पूरे प्रकरण में आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है।
इस पूरे घटनाक्रम पर एएसपी वंदना सिंह ने जानकारी देते हुए कहा कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा वीडियो उनके संज्ञान में आया है, जिसमें भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अपने समर्थकों के साथ विधि विरुद्ध जमाव करते हुए सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करते दिखाई दे रहे हैं, इसके अलावा उन्होंने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अशोभनीय और अभद्र टिप्पणी भी की है, उक्त वीडियो के संदर्भ में कोतवाली महोबा में सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है और अब इस प्रकरण में नियमानुसार विधिक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है, जिससे सच्चाई सामने आ सके।





