उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और गोरखपुर से बीजेपी सांसद रवि किशन के बीच सार्वजनिक मंचों पर अक्सर मजाकिया संवाद देखने को मिलता है। ऐसा ही एक वाकया हाल ही में गोरखपुर में हुआ, जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रवि किशन पर चुटकी लेते हुए कहा कि लोग उनसे ‘छुट्टी’ चाहते हैं। उन्होंने यहां तक कहा कि अगले चुनाव में रवि किशन की सीट पर कोई महिला दावेदार आ सकती है, जिससे सभी लोग मुस्कुरा दिए थे।
यह बयान ऐसे समय में आया है जब रवि किशन अपनी नई वेब सीरीज ‘मामला लीगल है-2’ के प्रमोशन में व्यस्त हैं। नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम हुई इस सीरीज में रवि किशन एक अधिवक्ता से सीधे जज की भूमिका में दिखाई देंगे, जिसके जरिए वे फैंस का दिल जीतने की तैयारी में हैं। सीरीज के प्रमोशन के दौरान जब रवि किशन से उनके और सीएम योगी के बीच के इस मजाकिया रिश्ते पर सवाल किया गया, तो उन्होंने बड़े ही सहज अंदाज में इसका जवाब दिया।
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मैं तो चाहता हूं कि सीएम योगी मुझे छेड़ें- रवि किशन
सांसद रवि किशन ने कहा कि, “अगर मेरी वजह से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के चेहरे पर मुस्कान आती है, तो इससे ज्यादा गर्व की बात मेरे लिए कुछ नहीं हो सकती। मैं तो चाहता हूं कि सीएम योगी मुझे छेड़ें।” उन्होंने मुख्यमंत्री के व्यस्त और गंभीर जीवन की ओर इशारा करते हुए कहा कि, “सीएम योगी एक बहुत बड़े राज्य को संभाल रहे हैं और हमेशा राज्य के विकास के बारे में सोचते रहते हैं। ऐसे में अगर मेरी बातों पर उनके चेहरे पर हंसी आ जाती है, तो यह वाकई में बहुत अच्छी बात है।” रवि किशन ने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें तारीफ और निंदा से कोई फर्क नहीं पड़ता। उनका मानना है कि उन्हें भगवान शिव ने दूसरों के चेहरे पर मुस्कान लाने और जीवन में ‘आनंद रस’ बांटने के लिए भेजा है।
रवि किशन के अनुसार, वह अपनी निजी परेशानियों और संघर्षों का बोझ कभी किसी दूसरे पर नहीं डालते। उन्होंने अपने जीवन की कठिनाइयों का जिक्र करते हुए कहा कि, “आज लोग मुझे देखकर सोचते हैं कि मेरे पास कितना कुछ है, लेकिन यहां तक पहुंचने के लिए मैंने कितना संघर्ष किया है, यह सिर्फ मैं ही जानता हूं।” उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपने दर्शकों को देते हुए कहा कि, “आज मैं जो कुछ भी हूं, वह सब अपने दर्शकों की वजह से ही हूं।” यह बयान उनकी विनम्रता और अपने मूल से जुड़े रहने की भावना को दर्शाता है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रवि किशन के हंसी-मजाक के पिछले किस्से
यह पहला मौका नहीं है जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रवि किशन के बीच इस तरह का हल्का-फुल्का संवाद देखने को मिला हो। दोनों नेताओं के बीच कई मौकों पर ऐसी बातचीत हुई है, जिसने जनता का मनोरंजन किया है और उनके रिश्ते की गर्मजोशी को दिखाया है। यह बताता है कि राजनीति के गंभीर माहौल में भी व्यक्तिगत संबंध और हास्य की गुंजाइश बनी रहती है।
साल 2021 में ऐसा ही एक वाकया सामने आया था, जब रवि किशन ने नवनिर्मित अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक श्मशान घाट को लेकर एक ऐसा बयान दिया था कि खुद सीएम योगी भी अपनी हंसी नहीं रोक पाए थे। यह बयान सोशल मीडिया पर भी खूब वायरल हुआ था और लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया था। अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक श्मशान घाट का प्रचार करते हुए सांसद रवि किशन ने मंच से कहा था, “यहां जलने में आनंद आएगा और डायरेक्ट स्वर्ग जाओगे।” उनके इस अनोखे और मजाकिया अंदाज को सुनकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी जोर-जोर से हंसने लगे थे। यह घटना इस बात का प्रमाण है कि रवि किशन अपनी बातों से माहौल को हल्का करने और लोगों को हंसाने का हुनर रखते हैं, और सीएम योगी भी उनके इस अंदाज को पसंद करते हैं।
रवि किशन का अभिनय से राजनीति तक का सफर
रवि किशन, जो पहले से ही एक सफल अभिनेता रहे हैं और अब राजनीति में भी सक्रिय हैं, अक्सर अपने सार्वजनिक जीवन में इस तरह के हल्के-फुल्के पल साझा करते रहते हैं। उनकी यह शैली उन्हें जनता के बीच लोकप्रिय बनाती है और उन्हें एक ऐसे नेता के रूप में प्रस्तुत करती है जो गंभीर मुद्दों के साथ-साथ जीवन के आनंद को भी समझते हैं। उनकी नई वेब सीरीज ‘मामला लीगल है-2’ में उनका जज का किरदार भी उनके बहुमुखी व्यक्तित्व का एक और पहलू है, जहां वे न्याय के गंभीर विषय को भी अपने अंदाज में पेश कर सकते हैं। यह दर्शाता है कि रवि किशन अपने अभिनय और राजनीतिक करियर दोनों में ही दर्शकों और जनता के साथ एक मजबूत भावनात्मक जुड़ाव बनाए रखने में सफल रहे हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रवि किशन के बीच का यह अनूठा रिश्ता, जो अक्सर सार्वजनिक मंचों पर हंसी-मजाक के रूप में सामने आता है, उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक अलग ही रंग भरता है। यह दिखाता है कि राजनीतिक हस्तियां भी मानवीय भावनाओं और हास्य के साथ अपने रिश्तों को बनाए रख सकती हैं। रवि किशन का यह कहना कि वे सीएम योगी के चेहरे पर मुस्कान देखकर गर्व महसूस करते हैं, उनके गहरे सम्मान और लगाव को प्रदर्शित करता है, जबकि सीएम योगी की चुटकी लेना उनकी सहजता को दर्शाता है। यह रिश्ता दोनों नेताओं की लोकप्रियता और उनकी आम जनता से जुड़ाव को भी मजबूत करता है।