लखनऊ। उत्तर प्रदेश में अपने घर का सपना देख रहे निम्न और मध्यम आय वर्ग के हजारों परिवारों के लिए योगी सरकार ने बड़ी राहत दी है। गुरुवार को कैबिनेट ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) में एक बड़े बदलाव को मंजूरी दे दी। अब 9 लाख रुपये तक की सालाना आय वाले परिवार भी इस योजना के तहत घर के लिए आवेदन कर सकेंगे।

पहले यह सीमा काफी कम थी, जिससे कई जरूरतमंद परिवार योजना के दायरे से बाहर हो जाते थे। सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) और निम्न आय वर्ग (LIG) दोनों के लिए आय सीमा को बढ़ाकर 9 लाख रुपये कर दिया है। इन घरों का क्षेत्रफल 30 वर्ग मीटर तक तय किया गया है।

सरकार देगी 2.5 लाख, स्टांप ड्यूटी भी माफ

इस फैसले का सबसे बड़ा फायदा सीधे लाभार्थी को मिलने वाली आर्थिक मदद में दिखेगा। योजना के तहत बनने वाले हर मकान पर केंद्र सरकार 1.50 लाख रुपये और राज्य सरकार 1 लाख रुपये की सब्सिडी देगी। यानी, घर खरीदने वाले को कुल 2.5 लाख रुपये की सीधी छूट मिलेगी। इसके अलावा, लाभार्थियों को स्टांप शुल्क में भी पूरी तरह से राहत दी जाएगी, जो घर की रजिस्ट्री पर लगने वाला एक बड़ा खर्च होता है।

सरकार ने बिल्डरों को भी प्रोत्साहित करने का फैसला किया है। योजना के तहत प्रोजेक्ट बनाने वाले विकासकर्ताओं को भू-उपयोग परिवर्तन शुल्क, नक्शा पास कराने का शुल्क और बाहरी विकास शुल्क में भी छूट मिलेगी।

किराये पर भी मिलेंगे सस्ते मकान

जिनके लिए घर खरीदना अभी भी मुश्किल है, उनके लिए सरकार किराये के मकानों का भी इंतजाम करेगी। किफायती किराया आवास मॉडल-2 के तहत शहरी गरीबों, फैक्ट्रियों में काम करने वाले मजदूरों, कामकाजी महिलाओं और अन्य जरूरतमंदों के लिए किराये के घर बनाए जाएंगे। इन कॉम्प्लेक्स का निर्माण और रखरखाव निजी या सरकारी संस्थाएं कर सकेंगी।

अयोध्या को मिला स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का तोहफा

कैबिनेट बैठक में अयोध्या को भी एक बड़ी सौगात मिली। अयोध्या नगर निगम को एक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनाने के लिए 2500 वर्ग मीटर नजूल भूमि मुफ्त में दी जाएगी। यह जमीन मोहल्ला वशिष्ठ कुंड में स्थित है। जिलाधिकारी के प्रस्ताव पर सरकार ने इसे मंजूरी दे दी, लेकिन साफ किया कि इस जमीन हस्तांतरण को भविष्य में एक उदाहरण के तौर पर इस्तेमाल नहीं किया जाएगा।