नई दिल्ली में आयोजित भारत टेक्स-2026 तथा “इंटरैक्टिव सेशन ऑन इन्वेस्टमेंट अपॉर्च्युनिटीज इन मध्यप्रदेश” के माध्यम से मध्यप्रदेश ने निवेश आकर्षित करने की दिशा में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इन दो बड़े औद्योगिक कार्यक्रमों से प्रदेश को 20,193 करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इससे लगभग 27,592 लोगों के लिए प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
इस उपलब्धि पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि इन निवेश प्रस्तावों, साझेदारियों और एमओयू के माध्यम से मध्यप्रदेश देश के अग्रणी निवेश गंतव्यों में अपनी स्थिति और अधिक मजबूत करेगा। उन्होंने मध्यप्रदेश को देश का उभरता हुआ औद्योगिक एवं टेक्सटाइल हब बताया और विकसित भारत-2047 के लक्ष्य की प्राप्ति में महत्वपूर्ण योगदान देने की बात भी कहीं। इसके अलावा मुख्यमंत्री ने निवेशकों, उद्योगपतियों और वैश्विक ब्रांड प्रतिनिधियों को जनवरी 2027 में आयोजित होने वाली ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS-2027) में भाग लेने का आमंत्रण दिया।
मध्य प्रदेश को मिले ये निवेश प्रस्ताव
14 से 16 जुलाई के बीच दिल्ली भारत मंडपम में आयोजित टेक्सटाइल राउंडटेबल में प्रदेश के वस्त्र एवं परिधान उद्योग, पीएम मित्र टेक्सटाइल पार्क, तकनीकी वस्त्र, निर्यात संवर्धन, कौशल विकास और निवेश प्रोत्साहन पर विस्तृत चर्चा हुई। इस आयोजन में 1,592 करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए, जिनसे लगभग 15,700 रोजगार सृजित होने की संभावना है।
इंटरैक्टिव सेशन के दौरान MPIDC ने निर्यात संवर्धन, ई-कॉमर्स, वैश्विक व्यापार, एमएसएमई और औद्योगिक सहयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 7 समझौतों (MOU) पर हस्ताक्षर किए। फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गनाइजेशन्स के साथ राज्य के निर्यात को सुदृढ़ करने, एसोचैम के साथ उद्योग जगत की भागीदारी बढ़ाने, अमेज़न ग्लोबल सेलिंग के साथ प्रदेश के निर्यातकों, MSME और शिल्पकारों को ई-कॉमर्स के माध्यम से वैश्विक बाजार से जोड़ने तथा पीपुल ऑफ इंडियन ओरिजिन चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के साथ प्रवासी भारतीय समुदाय के माध्यम से वैश्विक निवेश संवर्धन के लिए सहयोग स्थापित किया गया।
इसके अलावा अपैरल एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल, मैनमेड एवं टेक्निकल टेक्सटाइल्स एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल और कॉटन टेक्सटाइल्स एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल के साथ परिधान, मानव निर्मित फाइबर, तकनीकी वस्त्र एवं कपास आधारित वस्त्रों के निर्यात को बढ़ावा देने और ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2027 के लिए विशेष सत्र, बायर-सेलर मीट और व्यापारिक प्रतिनिधिमंडलों के माध्यम से निवेश संवर्धन पर सहमति बनी। साथ ही रक्षा, डेटा सेंटर, आईटी, एआई, सेमीकंडक्टर, नवीकरणीय ऊर्जा, पर्यटन और खाद्य प्रसंस्करण सहित अनेक क्षेत्रों में निवेश अवसर प्रस्तुत किए गए।
दिल्ली निवेश संवाद में रक्षा, डेटा सेंटर, ट्रांसफॉर्मर निर्माण, इलेक्ट्रॉनिक्स, नवीकरणीय ऊर्जा, इंजीनियरिंग और खिलौना उद्योग सहित विभिन्न क्षेत्रों में 18,601 करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए, जिनसे लगभग 11,892 रोजगार सृजित होने की संभावना है। इंटरएक्टिव सेशन में रक्षा, डेटा सेंटर, ट्रांसफॉर्मर विनिर्माण, ऑप्टिकल उत्पाद, नवकरणीय ऊर्जा उपकरण, इलेक्ट्रॉनिक्स, खिलौना उद्योग और इंजीनियरिंग सहित अनेक क्षेत्रों में निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए।
प्रमुख कंपनियों के बड़े निवेश
- रक्षा क्षेत्र में ‘ब्रह्मास्त्र एक्सप्लोसिव’ 5,030 करोड़ का निवेश करेगी, जबकि ‘सिटाक रे’ डेटा सेंटर क्षेत्र में 5,000 करोड़ का बड़ा निवेश करने जा रही है।
- ‘सनब्रिज’ 3,300 करोड़ और ‘सीमेंस एनर्जी’ ट्रांसफॉर्मर निर्माण क्षेत्र में 2060 करोड़ का निवेश करेगी।
- हिमाचल फ्यूचरिस्टिक कम्युनिकेशंस लिमिटेड उच्च मूल्य वर्धित ऑप्टिकल उत्पाद में 1283 करोड़ और एलएनके एनर्जी नवीकरणीय ऊर्जा में 1,000 रुपए का निवेश करेगी।







