मानसून की सक्रियता के चलते मध्य प्रदेश में लगातार बारिश हो रही है और नदी-नाले उफान लबालब हो गए हैं। फिलहाल 10-11 जुलाई तक मौसम का मिजाज यूही बने रहने का अनुमान है। तापमान में भी गिरावट देखने को मिलेगी। मंगलवार को 31 जिलों में अति भारी से भारी बारिश और 24 जिलों में झंझावात व वज्रपात के साथ 40-50 किमी प्रति घंटा झोंकेदार हवाएं चलने की चेतावनी जारी की गई है।
मंगलवार को कहां कैसा रहेगा मौसम
- अति भारी वर्षा (ऑरेंज अलर्ट): विदिशा, गुना, अशोकनगर, सागर, छतरपुर
- भारी वर्षा (येलो अलर्ट): रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बेतूल, हरदा, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, अगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, सतना, कटनी, जबलपुर, छिंदवाड़ा, पन्ना, दमोह, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर, पांढुर्णा।
- झंझावात और वज्रपात, झोंकेदार हवाएं 40-50 किमी/घंटा: भोपाल, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, मंदसौर, नीमच, श्योपुरकलां, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, अनुपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, नरसिंहपुर, सिवनी, मंडला, बालाघाट
मध्य प्रदेश में अबतक कहां कितनी हुई बारिश
- 1 जून से 6 जुलाई 2026 के बीच मध्य प्रदेश में सामान्य से करीब 1 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज की गई है। प्रदेश में अब तक 7 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई है।
- पूर्वी मध्य प्रदेश में औसत से 22% से कम और पश्चिमी मध्य प्रदेश में औसत से 20% अधिक पानी गिरा है। बारिश कम होने के चलते प्रदेश के पूर्वी हिस्सों में सूखे जैसे हालात बनने लगे हैं।
- प्रदेश स्तर पर जुलाई में पूर्वी मध्य प्रदेश की औसत बारिश 348 मिलीमीटर और पश्चिमी मध्य प्रदेश की 296 मिलीमीटर मानी जाती है। इस बार जून में उम्मीद से कम बारिश हुई है हालांकि जुलाई में मानसून के जमकर बरसने का अनुमान है।
- इस मानसून सीजन में भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में अच्छी बारिश हुई है। खास करके देवास. भोपाल, इंदौर, बैतूल, बुरहानपुर, गुना, हरदा, खंडवा, सीहोर, बालाघाट और सिवनी जैसे जिलों में सामान्य से ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई है। अकेले देवास में अब तक 15.3 इंच वर्षा रिकॉर्ड की जा चुकी है।







