Hindi News

एमपी उपचुनाव: दिवाली में व्यस्त नेता, दूसरे दिन भी नहीं भरा गया एक भी नामांकन, 25 अक्टूबर है अंतिम तारीख

Written by:Atul Saxena
Published:
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुखवीर सिंह ने बताया कि नाम-निर्देशन पत्र दाखिल करने के दूसरे दिन भी दोनों विधानसभा क्षेत्रों में कोई भी नाम-निर्देशन पत्र प्राप्त नहीं हुआ।
एमपी उपचुनाव: दिवाली में व्यस्त नेता, दूसरे दिन भी नहीं भरा गया एक भी नामांकन, 25 अक्टूबर है अंतिम तारीख

Bhopal News : मध्य प्रदेश की दो विधानसभा सीटों पर उपचुनाव की अधिसूचना जारी होने के बाद हालाँकि पार्टियों में अंदरूनी गर्माहट तो दिखाई दे रही है, नेता खुद को प्रत्याशी घोषित करवाने के लिए शीर्ष नेतृत्व तक पराया सकर रहे हैं लेकिन निर्वाचन अधिकारी तक एक भी फॉर्म नहीं पहुंचा है, दूसरे दिन भी किसी प्रत्याशी ने नामांकन फॉर्म जमा नहीं किया

विधानसभा उप चुनाव की घोषणा के साथ ही श्योपुर जिले की विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्र. 02-विजयपुर और सीहोर जिले की विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्र. 156-बुधनी में उप निर्वाचन के लिये नाम-निर्देशन पत्र दाखिल करने की प्रक्रिया जारी हो चुकी है। दोनों ही विधानसभा सीट के लिए नियुक्त निर्वाचन अधिकारी निर्धारित समय पर अपने कार्यालय में बैठ रहे हैं

दूसरे दिन भी एक भी प्रत्याशी ने नहीं भरा नामांकन फॉर्म 

कल शुक्रवार को नामांकन दाखिल करने का पहला दिन था और आज शनिवार को दूसरा दिन था, मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुखवीर सिंह ने बताया कि नाम-निर्देशन पत्र दाखिल करने के दूसरे दिन भी दोनों विधानसभा क्षेत्रों में कोई भी नाम-निर्देशन पत्र प्राप्त नहीं हुआ। आपको बता दें कि अभी भाजपा या फिर कांग्रेस किसी भी राजनीतिक दल ने अपना अधिकृत प्रत्याशी घोषित नहीं किया है , उम्मीद की जा रही है सक दो दिन में नाम घोषित हो जायेगा।

उप निर्वाचन का सम्पूर्ण कार्यक्रम

  • नाम-निर्देशन पत्र भरने की अंतिम तारीख – 25 अक्टूबर
  • नाम-निर्देशन पत्रों की संवीक्षा – 28 अक्टूबर को
  • नाम वापसी की अंतिम तारीख – 30 अक्टूबर
  • मतदान – 13 नवम्बर को
  • मतगणना – 23 नवम्बर को
Atul Saxena
लेखक के बारे में
पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena
Follow Us :GoogleNews