मध्यप्रदेश स्थापना दिवस का मुख्य समारोह भोपाल के लाल परेड ग्राउण्ड में भव्य स्तर पर 1 नवंबर रविवार को मनाया जाएगा। खास बात ये है कि इस बार स्थापना दिवस 3 दिवसीय होगा। इस वर्ष समारोह की थीम ‘विरासत से विकास’ रखी गई है। इसके जरिए मध्यप्रदेश के इतिहास, सांस्कृतिक विरासत और विकास यात्रा को बताया जाएगा।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 1 नवंबर को शाम 6:30 बजे कार्यक्रम का शुभारंभ करेंगे। समारोह की शुरुआत ‘देशराग’ कार्यक्रम से होगी। लाल परेड ग्राउंड में 2 और 3 नवंबर को दोपहर 12 बजे से रात 8 बजे तक संस्कृति के विषयों के साथ कृषि और उससे जुड़े अनुषांगिक विषयों पर केन्द्रित प्रदर्शनी आयोजित की जायेगी।
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प्रदर्शनी में किसानों को खेती की नई तकनीकों, उन्नत बीज, जैविक कृषि इनपुट, आधुनिक कृषि यंत्र, स्मार्ट सिंचाई तकनीक और एग्री स्टार्टअप से जुड़ी जानकारियां प्रदर्शित की जाएंगी। इसके अलावा सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, लोकनृत्य, व्यंजन मेले और पुरस्कार वितरण सहित कई आयोजन भी होंगे। इसमें 71 बच्चे सामूहिक रूप से वंदे मातरम् का गायन, पुलिस बैंड की प्रस्तुति और आतिशबाजी भी शामिल है।
सांस्कृतिक संध्या में बॉलीवुड पार्श्व गायिका मोनाली ठाकुर और लोकगायक मामे खान प्रस्तुति देंगे। स्थापना दिवस समारोह के अंतर्गत जिला मुख्यालय पर विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। साथ ही जिले के उत्कृष्ट कार्यों से संबंधित गौरवशाली व्यक्तित्वों और उपलब्धियों पर केंद्रित गतिविधियाँ, जिला उत्पादों का प्रदर्शन और उत्कृष्ट कार्यों से संबंधित प्रदर्शनी आयोजित की जायेगी।
कलेक्टर-कमिश्नर्स को निर्देश जारी
सामान्य प्रशासन विभाग ने सभी कलेक्टर/कमिश्नर को निर्देश जारी किए हैं कि जिले में स्थापना दिवस समारोह की समस्त तैयारियां समय-सीमा में पूर्ण करते हुए कार्यक्रम का सुव्यवस्थित आयोजन सुनिश्चित करें। आयोजन के संबंध में संबंधित विभागों के मध्य आवश्यक समन्वय स्थापित किया जाए । आयोजन में जिले की सांस्कृतिक विरासत, विशिष्ट उपलब्धियों और स्थानीय उत्पादों को समुचित स्थान प्रदान करते हुए व्यापक जनभागीदारी सुनिश्चित की जाए।
जिला कलेक्टर जिला स्तर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों को प्रभारी मंत्री परामर्श से अंतिम रूप देंगे। शासकीय भवनों पर प्रकाश व्यवस्था 1 नवंबर 2026 की रात में जिला मुख्यालय स्थित प्रमुख शासकीय भवनों पर भी प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित की जायेगी। राज्य शासन के समस्त प्रमुख भवनों पर प्रकाश व्यवस्था करने की जिम्मेदारी संबंधित कार्यालय प्रमुख की रहेगी।
इन्हें विशेष रूप से आमंत्रित किया जाएगा
समारोह में जनप्रतिनिधियों, उद्योगपतियों, व्यवसायियों, समाजसेवियों, धर्मगुरुओं, स्वयंसेवी संस्थाओं, हाईस्कूल/हायर सेकेंडरी विद्यालयों, महाविद्यालयों के छात्र-छात्राओं, शासकीय अधिकारियों/कर्मचारियों, स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों, मीसाबंदियों, शहीद सैनिकों के परिवारों और महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ अर्जित करने वाले स्व-सहायता समूहों और स्टार्टअप के पदाधिकारियों को विशेष रूप से आमंत्रित किया जाएगा। समारोह में समाज के सभी वर्गों की सहभागिता सुनिश्चित की जायेगी।
मुख्यमंत्री देंगे भगवान श्रीकृष्ण मेधावी छात्रवृत्ति, 102 छात्रों को मिलेंगे 1 लाख और प्रमाण पत्र
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, मध्यप्रदेश स्थापना दिवस पर प्रदेश के 102 छात्र-छात्राओं को भगवान श्रीकृष्ण मेधावी छात्रवृत्ति प्रदान करेंगे। प्रत्येक विजेता को राशि रुपये 1 लाख की छात्रवृत्ति और प्रमाण पत्र दिया जायेगा। इस छात्रवृत्ति के लिए दोनों वर्गों(विद्यालय एवं महाविद्यालय/विश्वविद्यालय) में लॉटरी के माध्यम से छात्रों का चयन किया गया है।
भगवान श्रीकृष्ण मेधावी छात्रवृत्ति योजना भगवान श्रीकृष्ण के जीवन-दर्शन, व्यक्तित्व, भारतीय ज्ञान परंपरा, संस्कृति, शिक्षा और जीवन-मूल्यों से भावी पीढ़ी को जोड़ने के उद्देश्य से आरंभ की गई है। योजना अंतर्गत प्रतियोगिता का ऑनलाइन आयोजन 11 अगस्त से 30 सितंबर 2026 की अवधि तक किया गया है। प्रतियोगिता में कुल 63 हजार 736 विद्यार्थियों ने पंजीयन कराया, जिनमें से 58 हजार 099 प्रतिभागियों ने प्रश्नपत्र हल किया।
प्रतियोगिता अवधि में वेबसाइट पर 7 लाख 94 हजार 700 से अधिक विज़िट संख्या रही। 23 अक्टूबर 2026 को सर्वाधिक अंक एवं न्यूनतम समय में प्रश्नपत्र हल करने वाले दोनों वर्गों से नियमानुसार 5514 प्रतिभागी मेरिट सूची बनी। इस मेरिट सूची में से लॉटरी कर 102 छात्र-छात्राओं का चयन किया गया। विजेताओं के नाम https://shrikrishnapatheynyas.com/ पर अपलोड किए जा चुके है।
