पटना में शिक्षक बनने का सपना देख रहे हजारों अभ्यर्थियों पर शुक्रवार को पुलिस ने लाठियां बरसाईं। यह घटना 08 मई, 2026 की है। सम्राट सरकार की पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे इन अभ्यर्थियों पर लाठीचार्ज कर दिया। इस लाठीचार्ज में कई शिक्षक अभ्यर्थी बुरी तरह घायल हो गए। पटना की सड़कों पर छात्रों को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा गया। यह दृश्य देखकर लोग हैरान थे।
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने इस घटना को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने इस लाठीचार्ज की कड़ी निंदा की। चिराग पासवान ने अपने एक्स हैंडल से एक पोस्ट किया। उन्होंने कहा कि बिहार लोक सेवा आयोग की शिक्षक भर्ती परीक्षा (TRE) 4.0 की अधिसूचना जारी करने की मांग को लेकर अभ्यर्थी शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे। पुलिस द्वारा उन पर लाठीचार्ज किया जाना बिल्कुल गलत है। यह घटना लोकतंत्र में अस्वीकार्य है।
सरकार को युवाओं की बात सुननी चाहिए थी: चिराग पासवान
चिराग पासवान ने युवाओं के अधिकारों पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में युवाओं को अपनी जायज मांगों को रखने का पूरा अधिकार होता है। शिक्षक भर्ती की प्रतीक्षा में बिहार के हजारों युवा लंबे समय से हैं। वे लगातार TRE-4 की अधिसूचना जारी होने की उम्मीद लगाए बैठे हैं। सरकार को इन युवाओं की बात सुननी चाहिए थी। उनकी मांगों पर ध्यान देना चाहिए था। उनकी आवाज को दबाने के लिए बल प्रयोग करना संवेदनशीलता के विपरीत है। यह संवाद की भावना के भी खिलाफ है। सरकार को प्रदर्शनकारियों से बात करनी चाहिए थी।
चिराग पासवान ने सरकार और प्रशासन को कुछ सुझाव भी दिए। उन्होंने कहा कि सरकार और प्रशासन को अभ्यर्थियों की मांगों पर गंभीरतापूर्वक विचार करना चाहिए। उन्हें जल्द से जल्द TRE-4 की अधिसूचना जारी करनी चाहिए। युवाओं के भविष्य का सम्मान करना सरकार का कर्तव्य है। उनके धैर्य का भी सम्मान किया जाना चाहिए। चिराग पासवान ने कहा कि युवाओं के साथ ऐसा व्यवहार ठीक नहीं है।
चिराग पासवान की शिक्षक अभ्यार्थियों से अपील
चिराग पासवान ने शिक्षक अभ्यर्थियों से भी एक आग्रह किया। उन्होंने कहा कि गुरुवार को ही सरकार के नए मंत्रिमंडल का विस्तार हुआ है। ऐसे में अभ्यर्थियों को थोड़ा समय देना चाहिए। उन्हें धैर्य रखना चाहिए। चिराग पासवान ने उम्मीद जताई कि सरकार जरूर सकारात्मक पहल करेगी। उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं के हित में फैसला लेगी। यह उम्मीद चिराग ने प्रदर्शनकारियों को दी।
लाठीचार्ज की इस घटना पर कांग्रेस ने भी सरकार को घेरा
लाठीचार्ज की इस घटना पर बिहार कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने भी सरकार को घेरा। राजेश राम ने लाठीचार्ज की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि जिस तरह से शिक्षक अभ्यर्थियों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा गया है, वह बर्बरता है। लाठियों से उन्हें मारा गया। उन्होंने कहा कि जिस तरह से यह सरकार बनाई गई है, उसकी नीति अब सामने आने लगी है। सरकार की मंशा साफ दिख रही है।
राजेश राम ने सरकार की आर्थिक स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार का कोष खत्म हो गया है। हर साल, हर महीने, यह सरकार करोड़ों रुपये लेकर कर्ज पर चल रही है। उन्होंने कहा कि सरकार के पास पैसा नहीं है, इसलिए वह युवाओं की मांगों को पूरा नहीं कर पा रही है। लाठीचार्ज को उन्होंने सरकार की विफलता बताया। राजेश राम ने कहा कि यह सरकार युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। उन्होंने सरकार की नीतियों को जनविरोधी बताया।
यह घटना पटना में हुई। शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर पुलिस का यह व्यवहार निंदनीय है। सरकार को इन घटनाओं से सबक लेना चाहिए। युवाओं की मांगों को सुनना चाहिए। बल प्रयोग की बजाय संवाद का रास्ता अपनाना चाहिए। यह लोकतंत्र की मूल भावना है। शिक्षक अभ्यर्थी अभी भी अपनी मांगों पर अड़े हैं। वे न्याय की उम्मीद कर रहे हैं।
बिहार लोक सेवा आयोग की शिक्षक भर्ती परीक्षा (TRE) 4.0 की अधिसूचना जारी करने की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों पर पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किया जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है।
लोकतंत्र में युवाओं को अपनी जायज़ मांगों को रखने का अधिकार है। शिक्षक भर्ती…
— युवा बिहारी चिराग पासवान (@iChiragPaswan) May 8, 2026






