Hindi News

जल्द लॉन्च होंगे 50 रुपये के नए नोट, गवर्नर संजय मल्होत्रा के होंगे हस्ताक्षर, RBI ने किया ऐलान

Published:
आरबीआई ने 50 रुपये के नए नोटों का ऐलान कर दिया है। पुराने नोट अभी भी वैध मुद्रा होंगे। आइए जानें इसका डिजाइन कैसा होगा?
जल्द लॉन्च होंगे 50 रुपये के नए नोट, गवर्नर संजय मल्होत्रा के होंगे हस्ताक्षर, RBI ने किया ऐलान

भारत में जल्द ही 50 रुपये के नए नोट (50 Rupee Note) देखने को मिलेंगे। रिजर्व रिजर्व बैंक (RBI) ने 12 फरवरी को नए बैंक नोटों की घोषणा कर दी है। इसमें आरबीआई के नए गवर्नर संजय मल्होत्रा से हस्ताक्षर भी होंगे। उन्होनें दिसंबर 2024 में कार्यभार संभाला है।

50 रुपये के नए नोट को लेकर केन्द्रीय बैंक ने बयान जारी किया है। रिजर्व बैंक ने कहा, “महात्मा गांधी (नई) श्रृंखला में 50 मूल्य वर्ग के बैंक नोट आरबीआई जारी करेगा। जिस पर गवर्नर संजय मल्होत्रा के हस्ताक्षर होंगे। इसकी डिजाइन हर तरह से महात्मा गांधी (नई) सीरीज के 50 रुपये के जैसी ही होगी।”

50 रुपये के पुराने नोट का क्या होगा?

नए नोट जारी होने के बाद भी मार्केट में 50 रुपये के पुराने नोट वैध होंगे। आरबीआई ने कहा, “अतीत में जारी किए गए ₹50 मूल्यवर्ग के सभी बैंक नोट वैध मुद्रा के रूप में बने रहेंगे।” इसका मतलब जिन नागरिकों पर रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के इस फैसले का कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। आमजन नए नोटों के साथ-साथ कोई पुराने 50 रुपये के नोट का इस्तेमाल लेनदेन के लिए कर पाएंगे।

2000 रुपये के नोट पर भी अपडेट 

आरबीआई ने हाल ही में 2000 रूपये के नोटों को लेकर नए आँकड़े जारी किए हैं। ये नोट 19 मई 2023 से ही बंद हैं। हालांकि इन्हें अभी भी वैध मुद्रा माना जाएगा। नए आंकड़ों के मुताबिक अब तक 98.15% नोट बैंकिंग सिस्टम में वापस आ चुके हैं। अभी भी 6,577 करोड़ रुपये मूल्य के नोट लोगों के पास शेष हैं। आरबीआई के निर्गम कार्यालयों में इन नोटों को स्वीकार किया जाएगा। डाकघर के जरिए भी इन्हें आरबीआई के निर्गम कार्यालयों में भेजा जा सकता है।

मध्य प्रदेश से जुड़ी विश्वसनीय और ताज़ा खबरें MP Breaking News in Hindi यहां आपको मिलती है MP News के साथ साथ लगातार अपडेट, राजनीति, अपराध, मौसम और स्थानीय घटनाओं की सटीक जानकारी। भरोसेमंद खबरों के लिए हमारे साथ जुड़े रहें और अपडेटेड रहें !
Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey
Follow Us :GoogleNews