डबरा। शिक्षक दिवस पर डबरा सनाढ़्य ब्राह्मण सभा की युवा इकाई ने समाज के वरिष्ठ और सेवानिवृत्त शिक्षकों को सम्मान देने के लिए अलग पहल की। सभा के पदाधिकारियों और युवा इकाई के सदस्यों ने शिक्षकों को किसी एक मंच पर बुलाने के बजाय उनके घर पहुंचकर सम्मान किया और उनका आशीर्वाद लिया।
युवा इकाई अध्यक्ष मदन सैंथिया के नेतृत्व में आयोजित कार्यक्रम का उद्देश्य वर्षों तक शिक्षा के क्षेत्र में योगदान देने वाले गुरुजनों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करना था। इसके साथ ही नई पीढ़ी को शिक्षकों के जीवन और उनके आदर्शों से प्रेरणा लेने का संदेश भी दिया गया।
इन वरिष्ठ शिक्षकों का घर पहुंचकर किया सम्मान
कार्यक्रम के दौरान पंडित राजाराम पटसरिया, पंडित रामगोपाल तिवारी ‘भावुक’, पंडित लखन लाल शर्मा, पंडित जानकी प्रसाद शर्मा, कल्याण प्रसाद रावत, पंडित देवी राम मिश्र, वी.के. गुप्ता, पंडित के.सी. भार्गव, पंडित राम स्वरूप षट्धर और राम शरण छिरोलिया के निवास पर पहुंचकर उनका सम्मान किया गया।
मदन सैंथिया ने कहा कि शिक्षक समाज के निर्माण की आधारशिला हैं और अपने ज्ञान एवं संस्कारों से कई पीढ़ियों को दिशा देते हैं। ऐसे गुरुजनों का सम्मान करना समाज के लिए गौरव और सौभाग्य की बात है।
सभा के पदाधिकारी भी रहे मौजूद
सम्मान कार्यक्रम में सनाढ़्य ब्राह्मण सभा डबरा के नागेंद्र दुबे, डॉ. हरीश चंद्र शर्मा, राजेंद्र शर्मा, जयदयाल शर्मा, विजय शर्मा, महेश बाबू शर्मा, डॉ. रामावतार शर्मा, लखन लाल शर्मा, डॉ. हिमांशु सैंथिया, राम बिहारी शर्मा, देवेश शर्मा, सचिन पांडेय और युवा इकाई अध्यक्ष मदन सैंथिया सहित अन्य सदस्य शामिल हुए।
सम्मान से अभिभूत वरिष्ठ शिक्षकों ने सभा और युवा इकाई की पहल की सराहना की और युवाओं को आशीर्वाद दिया। आयोजकों का कहना है कि घर-घर जाकर सम्मान करने के पीछे उद्देश्य यही था कि जिन शिक्षकों ने वर्षों तक समाज और नई पीढ़ियों को दिशा दी, शिक्षक दिवस पर उनके योगदान के प्रति सम्मान सीधे उनके द्वार तक पहुंचाया जाए।






