देवास जिले के खातेगांव में मूंग खरीदी को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। मां शारदा एग्रो वेयरहाउस में किसानों ने खरीदी प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं। किसानों का आरोप है कि यहां खुलेआम गड़बड़ी की जा रही है।
किसी किसान की ट्रॉली बिना वजह रिजेक्ट कर दी जाती है, तो किसी से पैसे लेकर मूंग की तौल की जाती है। इतना ही नहीं, वेयरहाउस के अंदर तीन अलग-अलग बारदानों में छिपाकर मूंग रखने का भी दावा किया गया है।

नवलगांव के किसान का आरोप
मामले में नवलगांव के एक किसान ने भी गंभीर आरोप लगाए हैं। किसान का कहना है कि जब वह अपनी मूंग लेकर खरीदी केंद्र पहुंचा तो उसकी ट्रॉली को पहले रिजेक्ट कर दिया गया। किसान का आरोप है कि बाद में उससे 3500 रुपये लिए गए। पैसे देने के बाद उसी ट्रॉली की तौल कर दी गई। किसान का कहना है कि अगर उसकी मूंग पहले खरीदी योग्य नहीं थी तो पैसे लेने के बाद वही मूंग कैसे सही हो गई?
यह आरोप सामने आने के बाद किसानों में काफी नाराजगी देखी जा रही है। उनका कहना है कि यदि इस तरह पैसे लेकर खरीदी होगी तो छोटे किसानों के लिए अपनी फसल बेचना मुश्किल हो जाएगा।
किसानों ने निष्पक्ष जांच की मांग की
मामला सामने आने के बाद किसानों ने प्रशासन से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। किसानों का कहना है कि वेयरहाउस में मौजूद रिकॉर्ड, सीसीटीवी कैमरे और खरीदी से जुड़े दस्तावेजों की जांच कराई जाए।
किसानों का कहना है कि यदि किसी कर्मचारी या अधिकारी की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उनका कहना है कि ऐसी घटनाओं से किसानों का सरकारी खरीदी व्यवस्था पर भरोसा कमजोर होता है।






