गुरुवार को गुजरात (Gujarat) के गांधीनगर के महात्मा मंदिर में इंडिया एआई इंपैक्ट सबमिट 2026 का आयोजन किया गया। जिसमें गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्रभाई रजनीकांत पटेल (CM Bhupendra Patel) भी शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कई घोषणाएं भी की। रिजनल एआई इंपैक्ट कान्फ्रेंस गुजरात चैप्टर का उद्घाटन किया। सरकार ने 6 नए एआई स्टैक को लॉन्च किया है। जिसका उद्देश्य नागरिकों के लिए सेवाओं में सुधार लाना है।

एआई स्टैक में किसान सारथी, एआई चैट बॉक्स,  डॉक्यूमेंट कंवर्जन, पब्लिक ग्रीवेंस ऑटो क्लासीफायर, स्कीम एलिजबिलिटी चेकर, प्रोक्युर्मेंट चैट बॉक्स, डॉक्यूमेंट एंड चैट बॉक्स, मैनेजमेंट+एक्सट्रैक्शन एंड प्रपोज ऑटोमेशन टूल्स शामिल हैं।

गुजरात क्लाउड एडॉप्शन गाइडलाइंस लॉन्च

सरकार ने गुजरात क्लाउड एडॉप्शन गाइडलाइंस 2025 लॉन्च किया है, जो डिजिटल गवर्नेंस को पहले से ज्यादा मजबूत और एआई रेडी बनाने में मदद करेगा। अलग-अलग विभाग सरकार की क्लाउड सेवाओं को ज्यादा आसानी से अपना पाएंगे और नेशनल लेवल कंप्यूटर इंफ्रास्ट्रक्चर का इस्तेमाल कर पाएंगे। जिससे पूरे राज्य में आई और डेटा ड्रिवन एप्लीकेशन को तेजी से अपनाया जा सकता है।

गूगल के साथ भी समझौता हुआ

डिजिटल इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए तीन समझौते साइन किए हैं। भारत सरकार BHASIN के साथ मिलकर बहुभाषी एआई समाधानों को डेवलप किया जाएगा। वहीं  गूगल के साथ एमओयू साइन करके आई सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस स्थापित किया जाएगा। इसके अलावा GIFT और हेनोक्स के बीच भी एमओयू साइन किया गया है, जिसमें एक आधुनिक केवल लैंडिंग स्टेशन स्थापित किया जाएगा। समझौते गुजरात को वैश्विक डिजिटल कनेक्टिविटी “हब” के रूप में स्थापित करेगा। इससे अगली पीढ़ी को मदद मिलेगी।

11 विकासशील तालुकाओं को मिली मंजूरी

इसके अलावा मुख्यमंत्री ने 11 और तालुकाओं को डेवलपमेंट ओरिएंटेड अप्रोच के साथ डेवलपिंग तालुका घोषित करने का फैसला भी लिया है। जिससे सभी तालुकाओं का समान विकास होगा। विकासशील तालुका योजना के तहत 2 करोड करोड़ रुपये और आपणों तालुका वाइब्रेट तालुका विकासशील योजना के  तहत एक करोड़ रुपये सालाना दिया जाएगा। जिससे डेवलपमेंट के कामों के लिए कुल 3 करोड़ रुपये सरकार ग्रांट करेगी।

कैबिनेट से लगाई इन फैसलों पर मुहर

बुधवार को आयोजित हुए कैबिनेट मीटिंग में सरकार ने कई फसलों को भी मंजूरी दी है। 6 इकोनॉमिक्स क्षेत्र के लिए रीजनल इकोनॉमिक्स मास्टर प्लान हरी झंडी दिखाई गई है। यह एक फ्रेमवर्क है, जिसे सभी जिलों में बराबर विकास पक्का होगा। यह “विकसित भारत@ 2047” के विजन से संबंधित है। इस योजना के लिए वरिष्ठ अधिकारियों को भी नियुक्त किया गया है।  इंडस्ट्री कमिश्नर पीसी स्वरूप सेंट्रल गुजरात के कोऑर्डिनेशन की जिम्मेदारी संभालेंगे। वहीं टूरिज्म डिपार्टमेंट के सेक्रेटरी राजेंद्र कुमार सौराष्ट्र रीजन, शालिनी अग्रवाल साउथ गुजरात और जियोलॉजी और मीनिंग कमिश्नर धवल पटेल नॉर्थ गुजरात के विकास कार्यों को देखेंगे।