Hindi News

IAS Transfer: राज्य में हुआ 3 आईएएस अधिकारियों का तबादला, सरकार ने सौंपी नई जिम्मेदारी, देखें लिस्ट 

Published:
गुजरात में तीन आईएएस अफसरों को इधर से उधर किया गया है। कई को अतिरिक्त प्रभार से मुक्त कर दिया है। 3 जिलों के कलेक्टर बदले गए हैं। आइए जानें किसे कहाँ पदस्थ किया गया है?
IAS Transfer: राज्य में हुआ 3 आईएएस अधिकारियों का तबादला, सरकार ने सौंपी नई जिम्मेदारी, देखें लिस्ट 

गुजरात में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल की सरकार ने नौकरशाही में बड़ा फेरबदल (Gujarat IAS Transfer) किया है। तीन आईएएस अधिकारियों को नया पदभार सौंपा गया है। गांधीनगर समेत तीन जिलों के कलेक्टर भी बदले गए हैं। राज्यपाल की मंजूरी के बाद सामान्य प्रशासन विभाग ने 25 मार्च को तबादले और नियुक्ति से संबंधित आदेश जारी कर दिया है।

बेस्ट 2014 के आईएएस अधिकारी जीएच सोलंकी को स्थानांतरित करके सुरेंद्रनगर के कलेक्टर पद पर नियुक्त किया गया है। इससे पहले नगर आयुक्त नडियाद निगम पद पर कार्यरत थे। इसी के साथ आईएएस अधिकारी के.एस यागनिक को अतिरिक्त कार्यभार से मुक्त कर दिया गया है।

गांधीनगर और जामनगर के नए कलेक्टर कौन?

गांधीनगर के कलेक्टर पद की जिम्मेदारी रविंद्र ज्ञानेश्वर खटाले को सौंपी गई है। इससे पहले वह नगर आयुक्त मेहसाना नगर निगम पद पर कार्यरत थे। इसी के साथ  बघेल आईएएस अधिकारी जी. एन वघेला को अतिरिक्त प्रभार से मुक्त किया गया है। जामनगर कलेक्टर पद पर बैच 2013 के आईएएस अफसर पीबी पंड्या को नियुक्त किया गया है। वह 31 मार्च 2023 से नया पदभार संभालेंगे। पहले वह जिला विकास अधिकारी अमरेली पद पर कार्यरत हैं। वह केपी ठाकुर का स्थान ग्रहण करेंगे।

यहाँ देखें आईएएस ट्रांसफर लिस्ट 

718_1_1_Transfer of IAS

2026 में राज्य में हुआ कई आईएएस अधिकारियों का तबादला 

गुजरात सरकार ने मार्च 2026 में पहली बार भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों का स्थानांतरण किया है। इससे पहले आखिरी बार 26 फरवरी को आईएएस अधिकारियों का स्थानांतरण किया गया था। तीन अधिकारियों को नई जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इस सूची में हरित शुक्ला, संदीप जनार्दनपंत और आईआर वाला शामिल थे। वहीं जनवरी में 7 आईएएस अफसरों को नया पदभार सौंपा गया था।

Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey
Follow Us :GoogleNews