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ये पाप है, सेवा नहीं करनी पड़े इसलिए बेटों ने गला दबाकर 88 साल की माँ को मार डाला, अंतिम संस्कार से पहले ऐसे खुला मामला

Written by:Atul Saxena
Last Updated:
कलयुगी बेटों की इस करतूत की चर्चा पूरे शहर में है, पड़ोसी पहले से ही माँ के प्रति उनके व्यवहार से दुखी और परेशान थे अब हत्या जैसे पाप के बाद तो वे इनकी शक्ल भी देखना नहीं चाहते और ऐसे बेटों से अपने परिवार को दूर रखना चाहते हैं।
ये पाप है, सेवा नहीं करनी पड़े इसलिए बेटों ने गला दबाकर 88 साल की माँ को मार डाला, अंतिम संस्कार से पहले ऐसे खुला मामला

Gwalior News : शहर में दिल दहला देने वाला एक मामला सामने आया है, बेटों ने जन्म देने वाली माँ की गला घोंटकर सिर्फ इसलिए हत्या कर दी कि बुढ़ापे में उनकी सेवा कौन करेगा? 88 साल की वृद्ध माँ चिल्ला भी नहीं सकी और चल बसी। बेटों ने अपने इस पाप को छिपाने की भी पूरी तैयारी कर ली लेकिन पड़ोसियों के संदेह के चलते वो इसमें कामयाब नहीं हो पाए। अंतिम संस्कार से पहले ही पुलिस पहुंच गई और उनके पाप का घड़ा फूट गया।

जन्म देने से लेकर पैरों पर खड़ा करने वाले माता पिता संतान से अपेक्षा रखते हैं कि वे बुढ़ापे में उनकी देखभाल करेंगे लेकिन ग्वालियर की कमला देवी कोष्ठा की ये अपेक्षा गलत साबित हुई उनके दो बेटों प्रेम नारायण और लालचंद ने ही उनकी गला घोंटकर सिर्फ इसलिए हत्या कर दी कि लाचार माँ की बुढ़ापे में सेवा कौन करेगा?

9 दिसंबर को की हत्या

उप नगर ग्वालियर की राय कॉलोनी में रहने वाली कमला देवी कोष्ठा को उनके बेटों ने 9 दिसंबर को मार डाला, वृद्ध माँ की मौत को सामान्य मौत बताकर अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहे थे, पड़ोसियों को शक हुआ। कुछ लोगों को गले पर निशान दिखे तो पुलिस को सूचना कर दी, पुलिस पहुंच गई , पूछने पर बीमारी से सामान्य मौत होना बताने लगे, पुलिस ने दबाव बनाया तो पोस्ट मार्टम के लिए तैयार हुए।

पोस्ट मार्टम की रिपोर्ट से खुला राज

ग्वालियर थाना पुलिस के सामने जब कमला देवी की पोस्ट मार्टम रिपोर्ट आई तो उसमें पता चला कि गर्दन की हड्डी टूटी हुई है गला दबाकर मारा गया है। राज खुलने के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया लेकिन तब तक बेटे भाग गए।

विवाद के बाद एक-एक माह रखने का अनुबंध हुआ था

मालूम चला है कि दोनों बेटे माँ को अपने साथ रखना नहीं चाहते थे, दोनों ने उन्हें बेघर कर दिया था जिसके बाद वरिष्ठ नागरिक भरण पोषण अधिनियम के तहत इनके खिलाफ एफआइआर दर्ज हुई थी। एफआईआर के बाद दोनों बेटों ने एक-एक महीने रखने का अनुबंध किया था। लेकिन दोनों कई कई बार तो खाना तक नहीं देते थे, पड़ोसी ही उनकी दयनीय स्थिति देखकर खाना खिलाते थे।

पुलिस ने आरोपी बेटों को गिरफ्तार किया 

थाना प्रभारी ग्वालियर आसिफ मिर्जा बेग ने बताया कि पोस्ट मार्टम रिपोर्ट के आधार हत्या का मामला दर्ज कर लिया है दोनों को गिरफ्तार कर लिया है, पूछताछ में पता चला है कि दोनों ही बेटे माँ को अपने साथ रखना नहीं चाहते थे झगड़ा करते थे तू रख तू रख इसलिए हत्या कर दी।

Atul Saxena
लेखक के बारे में
पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena
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