गुरुग्राम के सेक्टर 11 में स्थित प्राचीन भूतेश्वर मंदिर के पास एक नई चिकन बिरयानी की दुकान खुलने को लेकर तनाव की स्थिति बन गई है। मंदिर के पुजारियों और कई हिंदू संगठनों ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए दुकान के बाहर प्रदर्शन किया और पुलिस को मौके पर बुला लिया। उनका आरोप है कि मंदिर के इतने करीब मांस की दुकान खोलना उनकी धार्मिक भावनाओं को जानबूझकर आहत करने जैसा है।
मामला बढ़ने के बाद, प्रदर्शनकारियों ने शिवाजी नगर थाने में एक लिखित शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में दुकान को तुरंत बंद करवाने और संचालक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की गई है।
धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप
बजरंग दल के प्रखंड सह संयोजक विरेंद्र सिंह ने अपनी शिकायत में कहा है कि यह दुकान मंदिर परिसर से महज 50 मीटर की दूरी पर है। उन्होंने कहा, “यह दुकान भूतेश्वर मंदिर के प्रवेश द्वार के ठीक सामने स्थित है और मंगलवार के दिन भी खुली रहती है, जो कि हजारों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। इससे सामाजिक सद्भाव बिगड़ सकता है।”
शिकायत में भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 298 का हवाला दिया गया है, जो जानबूझकर धार्मिक भावनाओं को चोट पहुंचाने से संबंधित है। इसके अलावा, प्रदर्शनकारियों ने यह भी आरोप लगाया है कि दुकान ने सरकारी सड़क पर अतिक्रमण कर रखा है, जिससे भक्तों और आम राहगीरों को आने-जाने में परेशानी होती है।
लाइसेंस और नियमों के उल्लंघन का भी दावा
शिकायतकर्ताओं ने केवल धार्मिक भावनाओं का ही मुद्दा नहीं उठाया है, बल्कि दुकान द्वारा खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन का भी आरोप लगाया है। शिकायत के अनुसार, दुकान फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट 2006 (FSSAI) और खाद्य सुरक्षा स्वच्छता मानक अधिनियम के नियमों का भी पालन नहीं कर रही है। उन्होंने पुलिस से इन सभी पहलुओं पर जांच करने का अनुरोध किया है।
मंदिर के पुजारियों का कहना है कि किसी भी धार्मिक स्थल के इतने पास इस तरह की दुकान नहीं होनी चाहिए। उन्होंने पुलिस से इस मामले में सख्ती बरतने और जल्द से जल्द समस्या का समाधान करने की अपील की है।
पुलिस ने जांच शुरू की
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि दुकान के पास वैध लाइसेंस है या नहीं। इसके अलावा, धार्मिक स्थल से दुकान की दूरी संबंधित नियमों का पालन किया गया है या नहीं, इसकी भी पड़ताल की जाएगी। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, “अगर जांच में किसी भी तरह के नियम का उल्लंघन पाया जाता है, तो दुकान को सील करने सहित अन्य कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”





