इंदौर में डॉक्टरों की एक टीम ने ऐसा ऑपरेशन किया है, जिसे सुनकर हर कोई हैरान है। एक 36 वर्षीय महिला के शरीर से 6.3 किलो का विशाल ओवरी ट्यूमर निकालकर डॉक्टरों ने उसे नई जिंदगी दी है। यह सर्जरी इतनी जटिल थी कि हर कदम पर सावधानी बरतनी पड़ी, क्योंकि ट्यूमर का आकार काफी बड़ा था और शरीर के अंदर कई अंगों पर दबाव बना रहा था।

इंडेक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल में करीब तीन घंटे तक चली इस सर्जरी में डॉक्टरों ने ट्यूमर को बिना फटे सुरक्षित बाहर निकालने में सफलता हासिल की। डॉक्टरों के अनुसार अगर थोड़ी भी देरी होती तो मरीज की हालत और गंभीर हो सकती थी। फिलहाल ऑपरेशन के बाद महिला की हालत स्थिर बताई जा रही है और उसे लगातार निगरानी में रखा गया है।

इंदौर में डॉक्टरों की टीम ने किया जटिल ऑपरेशन

इंदौर के इंडेक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल में हुई यह सर्जरी चिकित्सा जगत में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। डॉक्टरों ने 36 वर्षीय महिला के शरीर से 6.3 किलो का विशाल ओवरी ट्यूमर निकालकर उसे नई जिंदगी दी। यह ट्यूमर इतना बड़ा हो चुका था कि मरीज के पेट में लगातार सूजन और दर्द की समस्या बनी हुई थी।

डॉक्टरों के अनुसार ओवरी ट्यूमर का आकार करीब 27 सेंटीमीटर तक पहुंच चुका था। इसके कारण मरीज की आंतों पर दबाव पड़ रहा था और शरीर के अन्य हिस्सों पर भी इसका असर दिखाई देने लगा था। मरीज लंबे समय से परेशानी झेल रही थी, लेकिन हाल के दिनों में दर्द और सूजन काफी बढ़ गई थी।

लगभग तीन घंटे चली सर्जरी

इस जटिल ऑपरेशन को सफलतापूर्वक पूरा करने में डॉक्टरों की टीम को करीब तीन घंटे का समय लगा। सर्जरी के दौरान सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि ट्यूमर को बिना फटे शरीर से बाहर निकाला जाए। अगर ऑपरेशन के दौरान ट्यूमर फट जाता तो संक्रमण और अन्य गंभीर समस्याओं का खतरा बढ़ सकता था।

डॉक्टरों ने पूरी सावधानी के साथ सर्जरी की और आखिरकार ट्यूमर को सुरक्षित तरीके से निकालने में सफलता हासिल की। डॉक्टरों का कहना है कि इस तरह की सर्जरी में टीमवर्क और अनुभव दोनों बहुत महत्वपूर्ण होते हैं।

मरीज की हालत थी बेहद गंभीर

डॉक्टरों के अनुसार मरीज बागली क्षेत्र की रहने वाली है और पिछले छह महीनों से असामान्य मासिक धर्म की समस्या से परेशान थी। शुरुआत में उसे यह सामान्य समस्या लगी, लेकिन धीरे-धीरे पेट में सूजन बढ़ने लगी।

पिछले दो महीनों में पेट का आकार काफी बढ़ गया था और एक महीने से उसे लगातार तेज दर्द भी हो रहा था। जब मरीज अस्पताल पहुंची तो जांच के दौरान पता चला कि उसके शरीर में एक बड़ा ओवरी ट्यूमर मौजूद है। इसके साथ ही गर्भाशय में 6 सेंटीमीटर और 3.1 सेंटीमीटर के दो फाइब्रॉयड भी पाए गए।

ट्यूमर को जांच के लिए भेजा गया

सफल सर्जरी के बाद निकाले गए ट्यूमर को आगे की जांच के लिए हिस्टोपैथोलॉजी विभाग भेज दिया गया है। इस जांच से यह पता लगाया जाएगा कि ट्यूमर का प्रकार क्या था और उसमें किसी प्रकार का कैंसर का खतरा तो नहीं था।

डॉक्टरों का कहना है कि फिलहाल मरीज की हालत स्थिर है और वह तेजी से स्वस्थ हो रही है। उसे अस्पताल में निगरानी में रखा गया है ताकि ऑपरेशन के बाद किसी प्रकार की जटिलता न हो।

ओवरी ट्यूमर क्या होता है और क्यों होता है

ओवरी ट्यूमर महिलाओं में होने वाली एक गंभीर स्वास्थ्य समस्या हो सकती है। यह ट्यूमर अंडाशय यानी ओवरी में बनने वाली असामान्य गांठ होती है। कई बार यह छोटी होती है और जल्दी पता चल जाती है, लेकिन कुछ मामलों में यह धीरे-धीरे बड़ा आकार ले लेती है।

जब ट्यूमर का आकार बढ़ने लगता है तो पेट में दर्द, सूजन, असामान्य मासिक धर्म, कमजोरी और अन्य समस्याएं दिखाई देने लगती हैं। अगर समय रहते इलाज न किया जाए तो स्थिति गंभीर भी हो सकती है।

डॉक्टरों के अनुसार नियमित स्वास्थ्य जांच और शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज न करना बेहद जरूरी होता है। समय पर जांच और इलाज से बड़ी सर्जरी से बचा जा सकता है।