मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में घरेलू गैस सिलेंडरों के अवैध उपयोग और कालाबाजारी के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। जिला प्रशासन ने शहर के कई इलाकों में अचानक छापेमारी कर गैस के अवैध कारोबार पर कड़ा प्रहार किया। इस अभियान के पहले ही दिन 35 अलग-अलग ठिकानों पर कार्रवाई की गई और वहां से 105 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए।
दरअसल, लंबे समय से शिकायत मिल रही थी कि शहर के कई होटल, ढाबे, चाय की दुकानें और छोटे खाद्य प्रतिष्ठान घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल व्यावसायिक कामों में कर रहे हैं। यह नियमों के खिलाफ है और इससे आम लोगों के लिए गैस की आपूर्ति भी प्रभावित होती है। शिकायतों के बाद जिला प्रशासन ने विशेष अभियान चलाने का फैसला लिया।
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कलेक्टर के निर्देश पर शुरू हुआ जांच अभियान
इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा के निर्देश पर घरेलू गैस सिलेंडरों के अवैध उपयोग को रोकने के लिए यह विशेष जांच अभियान शुरू किया गया है। प्रशासन ने इस अभियान को प्रभावी बनाने के लिए तीन विशेष जांच दल बनाए हैं।
इन टीमों में जिला आपूर्ति विभाग के अधिकारी और कर्मचारी शामिल किए गए हैं। ये टीमें शहर के अलग-अलग इलाकों में जाकर होटल, ढाबों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच कर रही हैं।
जांच दलों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि घरेलू गैस सिलेंडर का उपयोग केवल घरेलू कामों के लिए ही किया जाए। व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में इसका इस्तेमाल करना पूरी तरह नियमों के खिलाफ है।
35 जगहों पर छापेमारी, 105 सिलेंडर जब्त
जिला आपूर्ति नियंत्रक एमएल मारू ने बताया कि जांच दलों ने बुधवार सुबह से ही शहर के विभिन्न क्षेत्रों में कार्रवाई शुरू कर दी थी। इस दौरान कई होटल, ढाबे और खाद्य दुकानों पर गैस सिलेंडरों के उपयोग की जांच की गई।
जांच के दौरान कई जगहों पर घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल व्यावसायिक कामों में होता हुआ पाया गया। नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों से तुरंत कार्रवाई करते हुए सिलेंडर जब्त कर लिए गए।
इस अभियान के पहले ही दिन कुल 35 प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई की गई और वहां से 105 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए। प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई गैस की कालाबाजारी रोकने के लिए जरूरी थी।
क्यों गलत है घरेलू गैस का व्यावसायिक उपयोग
घरेलू गैस सिलेंडर का उपयोग केवल घरों में खाना बनाने के लिए किया जाना चाहिए। सरकार द्वारा घरेलू गैस सिलेंडर पर सब्सिडी दी जाती है ताकि आम लोगों को सस्ती दरों पर गैस मिल सके।
लेकिन जब होटल, ढाबे या अन्य व्यवसायिक प्रतिष्ठान घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल करते हैं तो इससे गैस वितरण व्यवस्था प्रभावित होती है। इसके अलावा यह आर्थिक नुकसान भी पहुंचाता है। व्यावसायिक गतिविधियों के लिए अलग से कमर्शियल गैस सिलेंडर उपलब्ध कराए जाते हैं। इनका उपयोग ही नियमों के अनुसार किया जाना चाहिए।
लगातार चलेगा जांच अभियान
जिला प्रशासन ने साफ कर दिया है कि यह कार्रवाई सिर्फ एक दिन की नहीं है। यह जांच अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। तीनों जांच दल रोज सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर जांच करेंगे। जहां भी घरेलू गैस सिलेंडर का अवैध उपयोग या कालाबाजारी सामने आएगी, वहां सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।