शहर के लाखों भक्तों की आस्था के केंद्र रणजीत हनुमान मंदिर में ‘रणजीत लोक’ के निर्माण का काम तेज गति से चल रहा है। 7 करोड़ रुपये की इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत मंदिर का जीर्णोद्धार और सौंदर्यीकरण किया जा रहा है, जिसे पूरा होने में लगभग एक साल और लगने की उम्मीद है। निर्माण कार्य के चलते दर्शन व्यवस्था में भी महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं।

मंदिर में भक्तों की बढ़ती संख्या को देखते हुए निर्माण कार्य मुख्य रूप से रात में किया जा रहा है, ताकि दिन के समय आने वाले हजारों श्रद्धालुओं को किसी तरह की असुविधा न हो। मंदिर के मुख्य गेट के सामने और छोटी पार्किंग क्षेत्र में काम चलने के कारण अब भक्तों को बड़ी पार्किंग से मंदिर में प्रवेश दिया जा रहा है।

दर्शन के लिए बनाई गई थ्री-स्टेप व्यवस्था

मंदिर के मुख्य पुजारी पं. दीपेश व्यास ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए दर्शन व्यवस्था में बदलाव किया गया है। उन्होंने कहा, “भक्तों की सुविधा के लिए ही रणजीत लोक का निर्माण स्मार्ट सिटी के माध्यम से हो रहा है। कम समय में अधिक से अधिक भक्त दर्शन कर सकें, इसके लिए एक कॉरिडोर बनाया जा रहा है।”

वर्तमान व्यवस्था के तहत, भक्त बड़ी पार्किंग से प्रवेश कर मंदिर के अंदर आते हैं, जहां धक्का-मुक्की से बचने के लिए थ्री-स्टेप दर्शन व्यवस्था लागू की गई है। पुजारी के अनुसार, यह व्यवस्था पिछले दो महीने से प्रभावी है और भक्तों को बिना किसी परेशानी के दर्शन लाभ मिल रहा है।

कैसा होगा रणजीत लोक का भव्य स्वरूप?

रणजीत लोक के निर्माण की जिम्मेदारी इंदौर स्मार्ट सिटी को सौंपी गई है। मंदिर समिति के महाप्रबंधक एन.एस. राजपूत के अनुसार, इस परियोजना में कई नई सुविधाएं जोड़ी जाएंगी।

  • कलात्मक पाथ-वे: 25 फीट का एक पाथ-वे बनेगा, जिसकी दीवारों पर पत्थरों से हनुमान जी से जुड़े दृश्य, रामायण और सुंदरकांड को तस्वीरों के माध्यम से उकेरा जाएगा।
  • आधुनिक सुविधाएं: मंदिर परिसर में नया मुख्य द्वार, शेड, पुलिस चौकी, नया जूता स्टैंड, पेयजल व्यवस्था, बेबी फीडिंग रूम और बुजुर्गों के लिए विशेष सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
  • सौंदर्यीकरण: रणजीत लोक की छत पर खूबसूरत कशीदाकारी होगी और बाउंड्रीवॉल पर रंग-बिरंगी लाइटिंग लगाई जाएगी।
  • विस्तार: मंदिर का विस्तार 40 फीट आगे तक किया जाएगा, जिससे परिसर और भव्य हो जाएगा।

“काम काफी तेजी से चल रहा है। चूंकि मंदिर का काम है और भक्त लोग रहते हैं, तो हमें रात में ज्यादा काम करना पड़ रहा है। हमें विश्वास है कि एक साल और लगेगा काम पूरा होने में।” — एन.एस. राजपूत, महाप्रबंधक, मंदिर समिति

स्मार्ट सिटी के अधिकारियों ने बताया कि मुख्य गेट के हिस्से में कॉलम फुटिंग का काम हो चुका है और डेढ़ महीने में छत की तैयारी पूरी हो जाएगी। कंपाउंड वॉल के पास 50 मीटर के कॉरिडोर की छत का काम भी जल्द पूरा होने वाला है। इस परियोजना के लिए कुल दो साल का समय निर्धारित किया गया था, जिसमें से लगभग 9 महीने बीत चुके हैं।