मध्य प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी के भाई नाना पटवारी ने इंदौर पुलिस द्वारा उनके खिलाफ बनाये गए केस को पूरी तरह फर्जी बताया है, कल गुरुवार को दिन भर चली हिरासत में लेने और गिरफ़्तारी की चर्चाओं के बीच पुलिस ने देर शाम पूछताछ के बात नाना को छोड़ दिया, मीडिया के सामने अपने वकील के साथ आये नाना पटवारी ने कहा ड्रग्स मामले में पुलिस ने जिन्हें पकड़ा उसमें मेरा कोई लेना देना नहीं है। उधर जीतू पटवारी ने इसे प्रदेश की भाजपा सरकार की बदले की कार्रवाई बताया है
नाना पटवारी ने खुलकर अपनी बात रखी और गुरुवार की दिनभर की कहानी सुनाई, उन्होंने बताया कि वो अपनी गाड़ी की सर्विस कराने जा रहे थे, रास्ते में पुलिस ने उन्हें रोक लिया और अपने साथ ले गई। नाना पटवारी ने कहा कि पुलिस पूरे दिन उन्हें अपनी गाड़ी में घुमाती रही, लेकिन ड्रग्स मामले को लेकर उनसे एक भी सवाल नहीं पूछा। उन्हें यह भी नहीं बताया गया कि आखिर किस वजह से हिरासत में लिया गया है।
नाना बोले- मेरा दोष इतना कि मैं जीतू पटवारी का भाई
मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए नाना पटवारी ने कहा कि पुलिस ने उनसे कोई सवाल नहीं किये, सुबह से लेकर शाम तक कोई बात नहीं की , शाम को जब पुलिस थाने लेकर आई तब उन लड़कों का नाम पूछा तो मैंने कहा मैं जानता हूँ ये मेरी विधानसभा में ही रहते हैं, उन्होंने कहा पुलिस ने मेरा मोबाइल ले लिया था पूरा केस फर्जी है मेरा दोष इतना है कि मैं जीतू पटवारी का भाई हूँ।
नाना के वकील ने दी 9 पुलिस केस की जानकारी
नाना पटवारी के वकील जय हार्डिया ने मीडिया से कहा पुलिस जिन 9 केस की बात कर रही है उनमें से 5 केस 2017 में राजेन्द्र नगर थाना क्षेत्र में हुए किसान आंदोलन के दौरान किये गए थे उन सभी में नाना को जमानत मिल चुकी है उस मामले में और 17 आरोपी हैं लेकिन नाम सिर्फ नाना का ही लिया जाता है क्यों ? 2 अन्य प्रकरण में नाना बरी हो चके हैं एक केस तेजा जी नगर का है जिसमें भी जमानत मिल चुकी है और आज तक पुलिस चालान पेश नहीं कर सकी , उन्होंने कहा पुलिस जिन प्रकरणों की बात कर रही है वो तो अंडरट्रायल हैं, नाना को इसलिए टारगेट किया जा रहा है क्योंकि ये प्रदेश अध्यक्ष का भाई है।
जीतू पटवारी ने सरकार पर साधा निशाना
इस घटनाक्रम के बाद जीतू पटवारी ने प्रदेश की भाजपा सरकार पर इसे लेकर निशाना साधा है, उन्होंने कहा कि पुलिस ने उस केस में मेरे भाई को पकड़ा जिसमें उसका कोई लेना देना नहीं है, ये बदले की कार्रवाई है, ये सरकार मेरे परिवार को परेशान करना चाहती है लेकिन हम न परेशान होंगे न झुकेंगे, जरुरत पड़ी तो जेल भी जाने से भी पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने कहा सवाल पूछना हमारा अधिकार है , सरकार पर जो आरोप लगे हैं उसका जवाब आकर मुख्यमंत्री को देना चाहिए।






