भारतीय जनता पार्टी के लांजी से विधायक राजकुमार कर्राहे को हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। पूर्व विधायक किशोर समरिते ने हाई कोर्ट में याचिका दायर करते हुए राजकुमार कर्राहे के निर्वाचन को चुनौती दी थी, जिस पर हाई कोर्ट ने सुनवाई करते हुए याचिका को खारिज कर दिया है। राजकुमार कर्राहे ने आम आदमी पार्टी छोड़कर भाजपा का दामन थामा था।
जस्टिस डीडी बंसल की सिंगल बेंच के समक्ष भाजपा विधायक की ओर से आपत्ति जताई गई कि किशोर समरिते को एक आपराधिक मामले में 5 साल की सजा सुनाई गई है, उनकी सजा अभी निलंबित है, खत्म नहीं हुई, ऐसे में जो खुद दागी है, वो कैसे निर्वाचन पर सवाल उठा सकता है, इस आपत्ति के मद्देनजर हाई कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी।
लांजी विधानसभा से जीते हैं राजकुमार कर्राह
गौरतलब है कि किशोर समरिते की ओर से दायर याचिका में बताया गया था कि 17 नवंबर 2023 को हुए विधानसभा चुनाव में लांजी विधानसभा सीट पर राजकुमार कर्राह का निर्वाचन हुआ। किशोर समरिते ने संयुक्त क्रांति मोर्चा से अपना नामांकन भरा था।
निर्वाचन निरस्त करने की मांग की गई थी
किशोर समरिते को 5 साल की सजा मिली थी, जिसका हवाला देकर निर्वाचन अधिकारी के सामने आपत्ति पेश गई, इस आपत्ति पर निर्वाचन अधिकारी ने नवंबर 2023 को याचिकाकर्ता किशोर समरिते का नामांकन निरस्त कर दिया। याचिका पर समरिते ने विधायक राजकुमार पर चुनाव में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए, उनका निर्वाचन रद्द की जाने की मांग की गई थी।





