
Dhirendra Krishna Shastri
बागेश्वर धाम के महंत पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने हालही में नागपुर में छत्रपति शिवाजी महाराज को लेकर एक बयान दिया था जिसके बाद विवाद खड़ा हो गया है। उनके इस बयान पर कई विपक्षी नेताओं ने तीखी प्रतिक्रियाएं दी हैं। उन्होंने एक कार्यक्रम के दौरान कहा था कि छत्रपति शिवाजी महाराज लगातार लड़ाइयों से थक गए थे और समर्थ रामदास स्वामी के पास गए। छत्रपति शिवाजी महाराज ने अपना मुकुट उतारकर संत के चरणों में रख दिया और उनसे राज्य का शासन संभालने का आग्रह किया।
इतना ही नहीं उन्होंने इस बयान के साथ कहा, हिंदुओं को चार संतानें पैदा करने की भी सलाह देकर विवाद को और बढ़ा दिया, जिसमें उन्होंने सुझाव दिया कि एक संतान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ को समर्पित होनी चाहिए। खास बात यह है कि जब जिस कार्यक्रम में उन्होंने यह बयान दिया वहां महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत भी मौजूद थे। जिसके बाद महाराष्ट्र के कई विपक्ष नेताओं ने धीरेंद्र शास्त्री और भाजपा-आरएसएस पर हमला भी बोला है। हालांकि रविवार को धीरेंद्र शास्त्री ने मीडिया के सामने आकर अपने बयान को लेकर जवाब दिया है।
कुछ लोगों ने मेरी बात को अलग तरह से पेश किया- धीरेंद्र शास्त्री
छत्रपति शिवाजी महाराज को लेकर दिए गए अपने बयान पर खुद धीरेंद्र शास्त्री कहते हैं कि मुझे शुक्रवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कार्यक्रम भारत दुर्गा माता मंदिर में भूमि पूजन में शामिल होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। वहां मैंने शिवाजी महाराज को लेकर एक बयान दिया था। जिसे शनिवार को सोशल मीडिया पर कुछ लोगों ने मेरी बात को अलग तरह से पेश किया है। जिसे देखने और सुनने के बाद मुझे बहुत अफसोस हुआ।
धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि इस देश में आज हर सनातनी अगर हिंदुत्व के लिए प्रतिबद्ध है तो इसका सबसे बड़ा श्रेय छत्रपति वीर शिवाजी महाराज को जाता है। हम भी शिवाजी महाराज को मानते हैं और उनमें विश्वास रखते हैं। उन्होंने कहा कि अगर हम आपस में झगड़ेंगे तो दूसरों को मौका मिल जाएगा। कार्यक्रम में दिए गए बयान से अगर किसी को ठेस पहुंची है तो हम दिल से माफी मांगते हैं। हम यह भी अनुरोध करते हैं कि हमारी बातों को गलत तरीके से पेश न किया जाए। क्योंकि हम छत्रपति शिवाजी के लिए जीते हैं और उन्हीं के लिए मरते हैं। हमारा जीवन भी उनके स्वराज की स्थापना, और हिंदू धर्म के विचार या विचारधारा के लिए है। जो राष्ट्र हमने लिया है, उन्हीं से लिया है
चार बच्चे पैदा करने वाले बयान पर धीरेंद्र शास्त्री का जवाब
धीरेंद्र शास्त्री ने अपने “चार बच्चे पैदा करो, लेकिन एक आरएसएस को दे दो” वाले बयान पर भी जवाब दिया है। उन्होंंने कहा कि आप कहेंगे कि आपके कोई बच्चे नहीं हैं, तो मैं इसका जवाब देता हूं भविष्य में मैं भी ‘गृहस्थ’ बनूंगा और हिंदुओं की आबादी बढ़ाने में उतना ही योगदान दूंगा जितना भगवान चाहेंगे। अगर आपका चौथा बच्चा हो, तो एक आरएसएस को दे दो, इसके पीछे मकसद उसे राष्ट्रवादी बनाना है। चाहे आप उसे आरएसएस, देश की सेना को दे दो, या उसे कलेक्टर, टीचर बना दो, लेकिन उसकी सोच आरएसएस के हिसाब से रखो। ताकि वह जहां भी रहे, हिंदुत्व का झंडा लहराता रहे।
मीडिया में चल रहे विवाद पर पूज्य सरकार ने सनातन विरोधियों को दी सीख… pic.twitter.com/YY4zFHOaIG
— Bageshwar Dham Sarkar (Official) (@bageshwardham) April 26, 2026
7 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव.
