तेजस्वी प्रसाद यादव को नेशनल वर्किंग प्रेसिडेंट नियुक्त किए जाने पर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने वंशवाद का आरोप लगाते हुए हमला बोला है। उन्होंने कहा कि ऐसी पार्टियां भारतीय लोकतंत्र के लिए सबसे बड़ा खतरा हैं और ये व्यवस्था को कैंसर की तरह खा रही हैं।
गिरिराज सिंह ने गणतंत्र दिवस के मौके पर कहा कि इस तरह के राजनीतिक फैसले देश के लोकतांत्रिक स्वास्थ्य के लिए चिंताजनक हैं और देशवासियों को इससे जागरूक रहना चाहिए। यह बयान ऐसे समय में आया है जब देश भर में गणतंत्र दिवस धूमधाम से मनाया जा रहा है और संविधान की भावना व लोकतांत्रिक मूल्यों पर जोर दिया जा रहा है। बीजेपी नेता अक्सर विपक्षी दलों पर वंशवाद का आरोप लगाते रहे हैं।
तेजस्वी यादव बने आरजेडी राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष
राष्ट्रीय जनता दल ने अपने संगठनात्मक ढांचे में महत्वपूर्ण बदलाव करते हुए तेजस्वी यादव को पार्टी का राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया है। यह घोषणा 25 जनवरी को राजद की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में की गई जिसमें पार्टी प्रमुख लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी की मौजूदगी में तेजस्वी यादव को यह जिम्मेदारी सौंपी गई। इसके बाद अब तेजस्वी यादव आरजेडी के शीर्ष नेतृत्व में और अधिक प्रभावशाली भूमिका निभाएंगे और पार्टी के राष्ट्रीय स्तर के आंदोलन तथा रणनीतिक विस्तार में भी निर्णायक रोल में रहेंगे।
गिरिराज सिंह ने वंशवाद का आरोप लगाया
इसके बाद अब केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने एएनआई से बातचीत में कहा कि आज गणतंत्र दिवस है और भारत के लोकतंत्र के लिए इन वंशवादी राजनीतिक पार्टियों से सबसे बड़ा खतरा है। उन्होंने कहा कि चाहे वह लालू यादव की पार्टी हो, मुलायम सिंह यादव की पार्टी हो या राहुल गांधी की पार्टी हो..यह वंशवादी राजनीति हमारे लोकतंत्र को कैंसर की तरह खा रही है। बता दें कि लालू प्रसाद यादव के स्वास्थ्य कारणों से सक्रिय राजनीति से दूरी के बाद तेजस्वी को यह बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई है जिसे पार्टी के भीतर उत्तराधिकार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।





