Hindi News

भारत-अमेरिका के बीच रेड लाइन है, जिससे समझौता नहीं होगा; यूएस से रिश्ते पर जयशंकर की खरी-खरी

Written by:Mini Pandey
Published:
जयशंकर ने कहा, "हमारी रेड लाइन हमारे किसानों और छोटे उत्पादकों के हितों से जुड़ी हैं। हम इन पर कोई समझौता नहीं कर सकते।"
भारत-अमेरिका के बीच रेड लाइन है, जिससे समझौता नहीं होगा; यूएस से रिश्ते पर जयशंकर की खरी-खरी

भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को लेकर चल रही बातचीत में कुछ रेड लाइन्स हैं, जिन पर भारत कोई समझौता नहीं करेगा। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने आज यह स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि ये लाल रेखाएं मुख्य रूप से किसानों और छोटे उत्पादकों के हितों से जुड़ी हैं। अमेरिका के साथ कई दौर की वार्ता के बावजूद कोई सफलता नहीं मिली है और रूस से तेल खरीदने के कारण भारत के निर्यात पर ट्रंप प्रशासन द्वारा लगाए गए टैरिफ ने स्थिति को और जटिल कर दिया है। फिर भी, जयशंकर ने भरोसा दिलाया कि वार्ता अभी बंद नहीं हुई है और दोनों पक्ष आपस में बातचीत कर रहे हैं।

जयशंकर ने कहा, “हमारी रेड लाइन हमारे किसानों और छोटे उत्पादकों के हितों से जुड़ी हैं। हम इन पर कोई समझौता नहीं कर सकते।” अमेरिका भारत से अपने डेयरी, पोल्ट्री और कृषि उत्पादों जैसे मक्का, सोयाबीन, गेहूं, इथेनॉल, फल और नट्स के लिए बाजार खोलने की मांग कर रहा है। लेकिन भारत कृषि प्रधान अर्थव्यवस्था है। इसने इन मांगों को ठुकरा दिया है, खासकर क्योंकि अमेरिका में उगाए जाने वाले मक्का और सोयाबीन ज्यादातर जेनेटिकली मॉडिफाइड हैं, जिन्हें भारत मानव स्वास्थ्य और पर्यावरण के लिए हानिकारक मानता है।

भारत के लिए अत्यंत संवेदनशील

डेयरी क्षेत्र भी भारत के लिए अत्यंत संवेदनशील है, क्योंकि यह लाखों छोटे और भूमिहीन किसानों की आजीविका का आधार है। यह क्षेत्र अनिश्चित मानसून और फसल उत्पादन में उतार-चढ़ाव के बीच इन किसानों को सहारा देता है। भारत ने स्पष्ट रूप से अमेरिका को बता दिया है कि वह अपने किसानों के हितों से समझौता नहीं करेगा।

स्वतंत्रता दिवस का भाषण

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी स्वतंत्रता दिवस के अपने भाषण में इस रुख को दोहराया। उन्होंने कहा, “मोदी किसानों, मछुआरों और पशुपालकों के हितों के खिलाफ किसी भी हानिकारक नीति के सामने दीवार बनकर खड़े हैं।” यह बयान भारत की आजादी की यात्रा को याद करते हुए दिया गया, जो देश के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। 

Mini Pandey
लेखक के बारे में
Keen of Indian politics. Providing insightful analysis. My expertise offers a nuanced understanding of New Analysis and political dynamics. View all posts by Mini Pandey
Follow Us :GoogleNews