महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए अपना उम्मीदवार घोषित किया है। केंद्रीय मंत्री और भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने रविवार शाम एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी घोषणा की। नड्डा ने कहा कि वे चाहते हैं कि अगला उपराष्ट्रपति सर्वसम्मति से चुना जाए और इसके लिए विपक्षी नेताओं से संपर्क किया गया है। 68 वर्षीय राधाकृष्णन वर्तमान में महाराष्ट्र के राज्यपाल हैं और इससे पहले झारखंड, तेलंगाना और पुडुचेरी में भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल चुके हैं।

सीपी राधाकृष्णन का जन्म तमिलनाडु के तिरुपुर में 1957 में हुआ था और उन्होंने कोयंबटूर के चिदंबरम कॉलेज से बीबीए की डिग्री हासिल की। वे दो बार कोयंबटूर से लोकसभा सांसद चुने गए और 2004 से 2007 तक तमिलनाडु भाजपा के अध्यक्ष रहे। इस दौरान उन्होंने 19,000 किलोमीटर की रथ यात्रा की, जो 93 दिनों तक चली। इस यात्रा का उद्देश्य भारतीय नदियों को जोड़ने, आतंकवाद को खत्म करने, समान नागरिक संहिता लागू करने, छुआछूत मिटाने और नशीली दवाओं के खतरे से निपटने की मांग को उजागर करना था।

तमिलनाडु की राजनीति में बड़ा नाम

राधाकृष्णन ने अपने चार दशक से अधिक के राजनीतिक करियर में तमिलनाडु की राजनीति और सार्वजनिक जीवन में एक सम्मानित स्थान बनाया है। झारखंड के राज्यपाल के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान, उन्होंने चार महीनों के भीतर राज्य के सभी 24 जिलों का दौरा किया और नागरिकों व जिला अधिकारियों के साथ संवाद किया। इसके अलावा, उन्होंने तमिलनाडु में दो अन्य पदयात्राएं भी आयोजित कीं जो विभिन्न सामाजिक मुद्दों को उठाने के लिए थीं।

कॉलेज में टेबल टेनिस में चैंपियन

वह एक उत्साही खिलाड़ी भी रहे हैं, जो कॉलेज के दिनों में टेबल टेनिस में चैंपियन थे और लंबी दूरी की दौड़, क्रिकेट और वॉलीबॉल में रुचि रखते थे। उपराष्ट्रपति का पद जगदीप धनखड़ के स्वास्थ्य कारणों से 21 जुलाई को संसद के मॉनसून सत्र के पहले दिन इस्तीफा देने के बाद खाली हुआ था। चुनाव आयोग ने उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए 9 सितंबर को मतदान और उसी दिन मतगणना की घोषणा की है।