फोरलेन निर्माण में नियमों की उड़ रहीं धज्जियां, पानी के टैंकर पर तेज म्यूजिक से बढ़ा हादसे का खतरा

हैरानी की बात यह है कि दिनदहाड़े मुख्य मार्ग पर इस तरह का ट्रैक्टर घूमता रहा, लेकिन न तो यातायात पुलिस की नजर इस पर पड़ी और न ही निर्माण एजेंसी ने इसे रोकने की जरूरत समझी।
Neemuch News

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नीमच शहर में इन दिनों फोरलेन निर्माण का कार्य तेज गति से चल रहा है। निर्माण के दौरान उड़ने वाली धूल से राहगीरों को राहत देने के लिए निर्माण कंपनी द्वारा ट्रैक्टर-टैंकरों के माध्यम से पानी का छिड़काव कराया जा रहा है, लेकिन इस जनहित कार्य की आड़ में यातायात नियमों की खुलेआम अनदेखी भी सामने आ रही है।

शहर के व्यस्त मार्ग पर पानी का छिड़काव कर रहा एक नीले रंग का फार्मट्रैक ट्रैक्टर सड़क पर धीमी गति से चल रहा था, जिस पर भारी-भरकम लाउडस्पीकर लगाए गए थे और उनमें तेज आवाज में गाने बजाए जा रहे थे। सड़क निर्माण के कारण पहले से ही यातायात प्रभावित है, ऐसे में इस तरह का कानफोड़ू म्यूजिक आसपास चल रहे वाहनों और राहगीरों के लिए खतरा बन सकता है।

लोग परेशान, यातायात पुलिस बेखबर 

विशेषज्ञों के अनुसार तेज आवाज के कारण ड्राइवर का ध्यान भटक सकता है, जिससे दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है। हैरानी की बात यह है कि दिनदहाड़े मुख्य मार्ग पर इस तरह का ट्रैक्टर घूमता रहा, लेकिन न तो यातायात पुलिस की नजर इस पर पड़ी और न ही निर्माण एजेंसी ने इसे रोकने की जरूरत समझी।

कलेक्टर ने दिया कार्रवाई का भरोसा 

स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन को तुरंत ऐसे मामलों पर सख्ती करनी चाहिए, ताकि फोरलेन निर्माण के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित हो सके और किसी संभावित हादसे से बचा जा सके। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा से जब एमपी ब्रेकिंग न्यूज़ ने चर्चा की तो उन्होंने कहा कि आपके माध्यम से विषय जानकारी में आया है, पता कर उचित कार्रवाई करवाते हैं।

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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