राजस्थान की राजनीति में कांग्रेस के प्रमुख चेहरों में से एक सचिन पायलट ने हाल ही में सीकर स्थित खाटूश्यामजी धाम पहुंचकर बाबा श्याम के दर्शन किए, जिसके बाद उन्होंने राज्य में एक बार फिर कांग्रेस की सरकार बनाने का अपना अटल संकल्प दोहराया और इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंकने की बात कही। खाटूश्यामजी मंदिर में पायलट का भव्य स्वागत किया गया, जहां श्याम मंदिर कमेटी के कोषाध्यक्ष रवि सिंह चौहान, मंदिर सेवक परिवार के नरेंद्र सिंह चौहान और मनन सिंह चौहान ने उन्हें बाबा का प्रतीक चिन्ह भेंट किया। इस विशेष अवसर पर उन्हें श्रद्धापूर्वक दुपट्टा ओढ़ाकर बाबा श्याम का आशीर्वाद भी प्रदान किया गया, जिससे सचिन पायलट ने स्वयं को न केवल ऊर्जावान महसूस किया बल्कि अपने राजनीतिक अभियान के लिए एक नई प्रेरणा भी प्राप्त की।
वहीं इस दौरान मीडिया से मुखातिब होते हुए कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने स्पष्ट किया कि उनका पूरा ध्यान ‘चिड़िया की आंख पर निशाना साधने’ जैसा केंद्रित है, जिसका सीधा और एकमात्र अर्थ राजस्थान में आगामी विधानसभा चुनावों में कांग्रेस को पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में वापस लाना है। उन्होंने पूरे विश्वास के साथ यह भी कहा कि आने वाले लोकसभा और विभिन्न राज्यों के विधानसभा चुनावों में कांग्रेस पार्टी पांच राज्यों में अत्यंत मजबूत प्रदर्शन करेगी और जनता का अपार समर्थन पूरी तरह से पार्टी के साथ रहेगा, जिससे विपक्ष के सभी दावे खोखले साबित होंगे। उन्होंने श्री श्याम मंदिर की उत्कृष्ट व्यवस्थाओं की भी जमकर सराहना की, जिससे मंदिर प्रबंधन का मनोबल बढ़ा और श्रद्धालुओं को मिलने वाली सुविधाओं की प्रशंसा हुई।
शीश के दानी श्री खाटू श्याम जी के दरबार में हाज़िरी लगाकर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ।
बाबा श्याम से देश-प्रदेश की खुशहाली और उन्नति की कामना की।जय श्री श्याम 🙏 pic.twitter.com/YT916TjAsX
— Sachin Pilot (@SachinPilot) May 2, 2026
भाजपा की राजनीतिक रणनीति की कड़ी आलोचना की।
राजस्थान के पूर्व उपमुख्यमंत्री ने पश्चिम बंगाल सहित उन पांच राज्यों में कांग्रेस के प्रदर्शन को लेकर भी अपनी प्रबल उम्मीदें जताईं, जहां हाल ही में चुनावी प्रक्रिया संपन्न हुई है। उनका यह दृढ़ विश्वास है कि पश्चिम बंगाल में कांग्रेस का प्रदर्शन निश्चित रूप से पहले से कहीं अधिक बेहतर होगा, जो पार्टी के लिए एक अत्यंत सकारात्मक संकेत है और भविष्य की राजनीति के लिए नई दिशा तय करेगा। इस दौरान सचिन पायलट ने महिला आरक्षण विधेयक के विवादास्पद मुद्दे पर भाजपा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की राजनीतिक रणनीति की कड़ी आलोचना की। उन्होंने इसे लोकतंत्र के मूल सिद्धांतों के खिलाफ बताते हुए तर्क दिया कि चुनाव के ठीक बीच में प्रधानमंत्री का राष्ट्रीय टेलीविजन पर आकर देश को संबोधित करना, विपक्षी दल कांग्रेस को लगातार कोसना और फिर अचानक बीच में ही आरक्षण बिल ले आना, यह सब लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है और यह चुनावी प्रक्रिया की पवित्रता को गंभीर रूप से भंग करता है।
मारपीट की घटना को अत्यंत निंदनीय बताया
पायलट ने जोर देकर यह भी कहा कि चुनाव का अंतिम फैसला केवल और केवल जनता के विवेकपूर्ण हाथ में होना चाहिए, न कि किसी विशेष राजनीतिक दल या व्यक्ति के सुनियोजित प्रचार अभियान के माध्यम से उसे किसी भी तरह से प्रभावित किया जाना चाहिए। इसके साथ ही, उन्होंने जनप्रतिनिधि और अधिकारी के बीच सार्वजनिक रूप से हुई मारपीट की घटना को अत्यंत निंदनीय बताया और राज्य सरकार से इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की, ताकि दोषियों को उचित सजा मिल सके और भविष्य में ऐसी अशोभनीय घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। भाजपा प्रदेश प्रभारी की विभिन्न टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देते हुए सचिन पायलट ने बड़े स्पष्ट शब्दों में कहा कि वे ऐसी अनावश्यक और ध्यान भटकाने वाली बातों पर बिल्कुल भी ध्यान नहीं देते हैं, क्योंकि उनका लक्ष्य और मिशन पूरी तरह से स्पष्ट है। इस महत्वपूर्ण अवसर पर उनके साथ पूर्व मंत्री महादेव सिंह, मुकेश भाकर, अभिमन्यु पूनिया, इंद्राज गुर्जर सहित कई अन्य वरिष्ठ कांग्रेस नेता भी मौजूद रहे, जिन्होंने पायलट के विचारों का खुले दिल से समर्थन किया और उनके साथ अपनी एकजुटता प्रदर्शित की।






