सतना जिले की प्रसिद्ध धार्मिक नगरी मैहर में त्रिकूट पर्वत पर विराजमान मां शारदा के दर्शन के लिए शारदीय नवरात्रि मेले की सभी तैयारियां जिला प्रशासन और पुलिस विभाग ने पूरी कर ली हैं। इस पावन अवसर पर देश और प्रदेशभर से आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुगम दर्शन के लिए मैहर में पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, ताकि भक्तों को माता के दर्शन में कोई परेशानी न हो।
शनिवार को प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस विभाग की टीम ने मेला परिसर का जायजा लिया और अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए। नवरात्रि मेले के दौरान शहर में भीड़ नियंत्रण और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अलग-अलग टीमें तैनात कर दी गई हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा से लेकर उनके रुकने, खाने-पीने और यात्रा की राह आसान बनाने के लिए पुलिस-प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है।
ये भी पढ़ें
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
नवरात्रि मेले में सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ को संभालने के लिए करीब 650 पुलिस जवानों की ड्यूटी लगाई जा रही है। यह पुलिस बल मुख्य मंदिर जाने वाले रास्तों, पूरे मेला परिसर, पर्वत की सीढ़ियों और प्रमुख चौराहों पर लगातार तैनात रहेगा। इसके अलावा मेले में किसी भी तरह की आपात स्थिति से निपटने और अपनों से बिछड़ने की घटनाओं में तुरंत मदद के लिए जगह-जगह सहायता केंद्र भी बनाए गए हैं।
मांस, मछली और अंडे की बिक्री पर लगा पूरी तरह प्रतिबंध
धार्मिक नगरी मैहर की पवित्रता और श्रद्धालुओं की आस्था को ध्यान में रखते हुए मैहर नगरपालिका क्षेत्र में बड़ा फैसला लिया गया है। प्रशासन ने 11 अक्टूबर से 20 अक्टूबर की मध्यरात्रि तक पूरे मैहर नगर पालिका इलाके में मांस, मछली और अंडे की बिक्री पर पूरी तरह रोक लगा दी है। अधिकारियों ने साफ कर दिया है कि इस आदेश का उल्लंघन करने वाले दुकानदारों और लोगों पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
1063 सीढ़ियां चढ़कर या रोपवे से पहुंचेंगे श्रद्धालु
मां शारदा के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालु 1063 सीढ़ियां चढ़कर पारंपरिक रास्ते से या फिर रोपवे सुविधा का इस्तेमाल करके मंदिर तक पहुंच सकते हैं। नवरात्रि में रोजाना हजारों-लाखों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है, जिसे देखते हुए मंदिर परिसर में लंबी कतारों में लगना पड़ सकता है। प्रशासन ने बुजुर्गों, बच्चों और दिव्यांगजनों को अपनी यात्रा की योजना पहले से ही बनाकर आने की सलाह दी है।
